कुल्लू। जिले के मुख्यालय कुल्लू में स्थित देवसदन में सोमवार को सुरों की महफिल सजी। संगीत के प्रशिक्षुओं ने कला की विभिन्न विधाओं में अपनी प्रतिभा दिखाई। सूत्रधार कला संगम संस्था ने 18वें सूत्रधार गुरु पूर्णिमा महोत्सव का आयोजन किया।
सूत्रधार संगीत अकादमी के प्रशिक्षुओं ने अपने गुरु पंडित विद्यासागर के सम्मान में महोत्सव का आयोजन किया। इसमें गीत-संगीत, नृत्य और वादन की बेहतरीन प्रस्तुतियां दी गईं। इसमें दिवंगत प्रो. श्याम लाल ठाकुर की रचित सरस्वती वंदना सरस्वती शारदा माता मुख्य रही।
प्रशिक्षु संसदी, आर्यन, जोए और कादंबिनी ने राग भोपाली, दुर्गा, सरला, अंजना एवं किरण ने राग यमन, काव्य भारद्वाज ने भजन शिव कैलाशों के वासी, सिमरन एवं गौरी ने राग देश, शिवानी एवं कनिका ने राग विहाग, सुमन बौध एवं उर्मिला ने दादरा, अर्षित शर्मा ने तबले पर तीन ताल, जगदीश शर्मा ने लोकगीत, कृष्णा शर्मा एवं नीतू सूद ने राग दुर्गा पेश किया।
रजनीश ठाकुर एवं अभिनंदन ने राग केदार, विजय कुमार एवं सनी ने राग बागेश्री, क्षितिज शर्मा ने भजन, स्मृति एवं करिश्मा ने राग मालकोंस की प्रस्तुति दी।
कुमारी लेकिशा ने तबला, ईशा ने फिल्मी गीत जिंदगी प्यार का गीत है, संजय ने राग शुद्ध सारंग, ट्विंकल ने लोक गीत, रोजी शर्मा ने लाहौली लोकगीत, पायल ने राग पूरिया धनाश्री, अर्पिता ने राग शुद्ध कल्याण, अमित महंत एवं निशांत गौतम ने जुगलबंदी की मनमोहक प्रस्तुतियां पेश कीं।
नृत्य में यानकी, शैली, किरण, ट्विंकल, रेखा, भारती, ममता ठाकुर, पल्लवी शर्मा और आदित्य वर्धन ने अपनी कला का बेहतरीन प्रदर्शन किया। सूत्रधार संस्था के अध्यक्ष दिनेश सेन ने कहा कि गुरु पूर्णिमा महोत्सव में पार्वती हाइड्रो प्रोजेक्ट के उपाध्यक्ष संदीप मुख्यातिथि रहे। संवाद