फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रोहतांग दर्रा के बंद होने से घाटी में फंसा लाखों का सेब और आलू बीज

विज्ञापन
विज्ञापन
केलांग/कोकसर/कुल्लू। नवंबर माह शुरू होते रोहतांग दर्रा समेत जनजातीय क्षेत्र लाहौल-स्पीति के साथ कुल्लू घाटी का जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है। जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति में शनिवार को दूसरे दिन भी बर्फबारी का दौर जारी रहा। जिससे घाटी में शीत लहर बढ़ गई है और बिजली भी गुल हो गई है। इसके अलावा लाहौल के अधिकतर हिस्सों में दूर संचार सेवा भी चरमरा गई है। रोहतांग दर्रा के बंद होने से घाटी में लाखों का सेब और आलू बीज फंस गया है। हिमपात के चलते यहां कई व्यापारी व सेब पैकर भी फंसे हुए हैं। रोहतांग दर्रा में करीब चार फीट बर्फ गिरने से उनकी मुश्किलें बढ़ गई है। उधर, दशहरा को सजी मार्केट में सामान लेने आए लाहौल-स्पीति के कई लोग कुल्लू, मनाली, पतलीकूहल आदि क्षेत्रों में फंस गए हैं। उधर, लाहौल-स्पीति के पूर्व विधायक रवि ठाकुर, कांग्रेस जिला अध्यक्ष ज्ञालसन ठाकुर, पार्टी प्रवक्ता अनिल सहगल तथा महासचिव प्यारे लाल ने प्रदेश सरकार व जिला प्रशासन से लाहौल में फंसा सेब व बीज आलू के अलावा कुल्लू और लाहौल में फंसे लोगों को रोहतांग सुरंग से भेजने की व्यवस्था करने की मांग की है। उपायुक्त लाहौल-स्पीति अश्वनी कुमार चौधरी ने बताया कि बर्फबारी के कारण घाटी में बिजली की आपूर्ति प्रभावित हुई है जिससे इलाके में टेलीफोन और इंटरनेट सुविधा बंद हो गई है। डीसी ने घाटी के लोगों को मौसम साफ होने तक घरों से दूर न जाने की हिदायत दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें