अमर उजाला ब्यूरो
उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। लाहौल घाटा का पौरी मेला शुक्रवार को शुरू हो गया है। भगवान त्रिलोकीनाथ के मंदिर प्रांगण से एक भव्य शोभायात्रा सप्तधारा के लिए निकली, जहां देवकारज व पूजा अर्चना के बाद शोभायात्रा वापिस त्रिलोकीनाथ पहुंची। स्थानीय प्रशासन व पौरी मेला समिति त्रिलोकनाथ ने मेले को बेेहतर बनाने को शैंणी नृत्य का आयोजन भी रखा था, जिसमें भारी संख्या में पुरुष एवं महिलाओं ने अपनी भागीदारी सुनिश्चित करना था। लेकिन अटल के निधन से व शोक के चलते सभी सांस्कृतिक कार्यक्रम रद्द कर दिए गए हैं। इस बीच जनजातीय उत्सव केलांग में आए सभी कारोबारियों ने पौरी मेला में व्यापार के लिए आए हैं। पौरी मेला समिति के अध्यक्ष एवं स्थानीय पंचायत प्रधान मान देई ने बताया कि तीन दिवसीय इस ऐतिहासिक मेले में अटल के निधन व शोक के चलते सभी सांस्कृतिक कार्यक्रमों को रद्द कर दिया है। बताया कि प्राचीन मान्यताओं के अनुसार मेले में महज देव कारज का निर्वहन किया जाएगा। एसडीएम उदयपुर सुभाष गौतम ने कहा कि प्रशासन ने देश के पूर्व प्रधान मंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के निधन एवं शोक के चलते पौरी मेले में सभी सांस्कृतिक कार्यक्रम रद्द कर दिए गए हैं।