कछियारी- रानीताल फोरलेने की जद में आई पहाड़ियों पर लगाए जा रहे जाले। संवाद
कांगड़ा। कच्छियारी से रानीताल तक फोरलेन का निर्माण कार्य अपने अंतिम चरण में है। अब काटी गईं पहाड़ियों से बरसात में खतरे से बचाव के लिए फोरलेन निर्माण कंपनी ने कार्य शुरू कर दिया है। इसके तहत पहाड़ियों को विशेष हरे रंग के मजबूत जालों से ढका जा रहा है, जिन्हें ड्रिल और नट-बोल्ट की मदद से कसकर फिकस किया जा रहा है। इसके ऊपर सीमेंट की परत चढ़ाई जा रही है और अंत में एक मोटी मैट लगाई जा रही है, ताकि ढलानों को स्थिरता मिले और पानी की रफ्तार से कटाव न हो। फोरलेन निर्माण कंपनी के मैनेजर कविराज ने बताया कि फोरलेन निर्माण के समय जो पहाड़ियां कटी हैं, उन्हें सुरक्षित करने के लिए यह पूरा प्रोसेस अपनाया जा रहा है। ड्रिल से होल करके जाल लगाया जा रहा है, फिर सीमेंट लेप और ऊपर मोटी मैट डाली जा रही है, ताकि बरसात में भूस्खलन न हो और वाहन चालकों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
कछियारी- रानीताल फोरलेने की जद में आई पहाड़ियों पर लगाए जा रहे जाले। संवाद