धर्मशाला। वन भूमि पर अवैध कब्जों के खिलाफ वन विभाग ने कार्रवाई शुरू कर दी है। इसी कड़ी में विभाग ने पर्यटन स्थल भागसू नाग के समीप दो जगह अवैध निर्माण रुकवाया। एक व्यक्ति यहां नाले के साथ डंगा लगा रहा था। जबकि दूसरा व्यक्ति पुराने सार्वजनिक रास्ते को तोड़ कर व्यक्तिगत रास्ता बना रहा था। इन दोनों कार्यों को वन विभाग ने रुकवा दिया है। साथ ही चेतावनी दी है कि अगर दोबारा यहां पर निर्माण कार्य किए तो विभाग सख्त कार्रवाई अमल में लाएगा।
दो वर्ष पूर्व भी बरसात के दिनों में भागसूनाग में अवैध निर्माण के चलते स्थानीय लोगों को काफी नुकसान पहुंचा था। यहां सड़कों और पुराने नालों पर कुछ धनासेठों ने अतिक्रमण कर रखा है। इसके चलते बरसात के दिनों में सारा पानी इधर-उधर लोगों के घरों में घुसकर नुकसान पहुंचाता रहा है। अवैध निर्माण पर नगर निगम की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठते रहे हैं। अब वन मंडल धर्मशाला के तहत अन्य 18 अतिक्रमणकारियों को भी वन विभाग ने नोटिस जारी किए हैं। वन भूमि को खाली न करने पर इन अतिक्रमणकारियों के खिलाफ आगामी समय में विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। वन मंडलाधिकारी ने विभाग के वन रक्षकों, रेंज अधिकारियों और बीट अधिकारियों को भी वन भूमि व संपदा की हिफाजत करने के निर्देश दिए हैं।
उधर, डीएफओ धर्मशाला दिनेश शर्मा ने कहा कि भागसूनाग में अवैध निर्माण को रुकवाया गया है। उन्होंने कहा कि वन भूमि पर किसी भी तरह का कब्जा बर्दाश्त नहीं होगा। अतिक्रमण पर नियमानुसार कार्रवाई होगी।