धर्मशाला। उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष हेमांशु मिश्रा, सदस्य आरती सूद और नारायण ठाकुर की अदालत ने स्वास्थ्य बीमा लेने के बावजूद बीमारी के समय क्लेम राशि न देने वाली कंपनी को नौ फीसदी ब्याज सहित 33,500 रुपये शिकायत को देने के आदेश दिए हैं। इसके अलावा बीमा कंपनी को शिकायतकर्ता को 15,000 रुपये मुआवजा देने के आदेश भी जारी किए हैं।
जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता जगमोहन महाजन पुत्र मुनी लाल निवासी शाहपुर ने बताया कि उन्होंने रक्षा हेल्थ इंश्योरेंस चंडीगढ़ और ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी पालमपुर के संयुक्त रूप से स्वास्थ्य बीमा करवाया था। इस दौरान जब वह बीमार हुए थे। उन्होंने अपना इलाज दयानंद मेडिकल कालेज एवं अस्पताल लुधियाणा में करवाया। इलाज के लिए उन्होंने अस्पताल को 55 हजार रुपये 26 जून, 2019 और 27 जून, 2019 को दिए। इसके प्रमाण भी उनके पास हैं।
इस पर उन्होंने जब अपने स्वास्थ्य बीमा राशि को क्लेम किया तो बीमा कंपनी की ओर से यह राशि देने से इनकार कर दिया गया। इसके बाद उन्होंने जिला उपभोक्ता आयोग में शिकायत दर्ज करवा दी। इस पर आयोग ने ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी को ग्राहक की ओर से बीमारी पर खर्च किए गए पैसों में से बीमा नियमों के अनुसार 33,500 रुपये नौ प्रतिशत ब्याज समेत और 15 हजार रुपये मुआवजा देने के आदेश जारी किए हैं।