धर्मशाला। भारत और इंग्लैंड टेस्ट मैच के बहाने धर्मशाला में विदेशी पर्यटक श्रीकृष्ण की भक्ति में लीन रहे। इसका अंदाजा मार्च के पहले 15 दिन से लगाया जा सकता है कि धर्मशाला स्थित कांगड़ा कला संग्रहालय में रिकॉर्ड 150 विदेशी कांगड़ा चित्रकला शैली में भगवान कृष्ण बाल लीलाओं के रंग में रंगे रहे। इससे पहले इतनी बड़ी संख्या में कभी विदेशी सैलानियों की उपस्थिति दर्ज नहीं हुई। टेस्ट मैच 7 मार्च से शुरू हुआ, लेकिन ढाई दिन में इसके खत्म होने से विदेशी क्रिकेट प्रेमियों का मजा किरकिरा हो गया।
इसके बाद सैलानियों ने संग्रहालय का रुख किया और वे कांगड़ा चित्रकला शैली में बने श्रीकृष्ण के जीवंत चित्रों से रूबरू हुए और इससे वे इतने प्रभावित हुए कि पूरे हफ्ते यहां उनका तांता लगा रहा। विदेशी पर्यटकों की यह संख्या पिछले तीन सालों की तुलना में तीन गुना अधिक है। इस वर्ष अभी तक ढाई महीनों में 3,976 लोग यहां पहुंचे। इनमें 170 बच्चे, 3,596 भारतीय और 210 विदेशी पर्यटक शामिल हैं। जनवरी में 19 और फरवरी में 41 विदेशी पर्यटक ने पहुंचकर कला संग्रहालय में रखी पुरातत्व अवशेषों सहित कांगड़ा लोक कला को निहारा है। पिछले तीन वर्ष में कला संग्रहालय में आने वाले पर्यटकों की संख्या में खासी बढ़ोतरी हो रही है।
कब, कितने पर्यटक आए
2021 में कला संग्रहालय में 12,548 लोग पहुंचे। इनमें 478 बच्चे, 12,047 भारतीय और 23 विदेशी रहे शामिल।
2022 में 16,636 लोग कला संग्रहालय पहुंचे। इनमें 167 बच्चे, 16,276 भारतीय और 193 विदेशी रहे शामिल।
2023 में 21,441 ने कला संग्रहालय में किया प्रवेश। इनमें 466 बच्चे, 20,282 भारतीय और 693 विदेशी पर्यटक।
2024 में अभी ढाई महीनों में 3,976 लोग पहुंचे। इनमें 170 बच्चे, 3,596 भारतीय और 210 विदेशी पर्यटक शामिल।
इस बार मार्च में पिछले वर्षों की तुलना में पहले 15 दिन में 150 से अधिक विदेशी पर्यटक पहुंचे हैं, जो कि एक माह में सबसे अधिक संख्या है। हर वर्ष देश-विदेश से लोग यहां पहुंचे कर संग्रहालय में रखी चीजों के बारे में जान रहे हैं।
रितु मलकोटिया, अध्यक्ष, कांगड़ा कला संग्रहालय