नाबालिग छात्रा से छेड़छाड़ पर साढ़े तीन साल कैद
विशेष न्यायाधीश पुरेंद्र वैद्य की अदालत ने सुनाई सजा
दोषी को 10 हजार रुपये का जुर्माना भी देना होगा
अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। घर से स्कूल जा रही नाबालिग छात्रा के साथ रास्ते में छेड़खानी के आरोप सिद्ध होने पर युवक को साढ़े तीन साल की सजा सुनाई गई। इसके अलावा दोषी को 10 हजार रुपये का जुर्माना भी अदा करना होगा। वहीं, जुर्माना न भरने की सूरत में दोषी को छह माह का अतिरिक्त कारावास भी झेलना होगा। यह सजा विशेष न्यायाधीश पुरेंद्र वैद्य की अदालत ने सुनाई है। मामले के बारे में जिला न्यायवादी राजेश वर्मा ने बताया कि पुलिस थाना इंदौरा में 20 मई 2013 को एक नाबालिग छात्रा ने क्षेत्र के युवक पर छेड़खानी करने की शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायत में नाबालिग छात्र ने कहा था कि जब वह घर से स्कूल के लिए जा रही थी तो रास्ते में पड़ती एक सुनसान गली में बलकार उर्फ भतली ने मोटरसाइकिल से नीचे उतर कर उसका हाथ पकड़कर ठेके की तरफ खींच कर ले गया और उसके साथ अश्लील हरकतें करने लगा। पीड़िता के शोर मचाने पर दोषी वहां से उसे गालियां देते हुए भाग गया। इसके बाद पीड़िता ने अपने परिजनों को साथ पुलिस थाना इंदौरा में जाकर शिकायत दर्ज करवाई थी। वहीं, विशेष न्यायाधीश पुरेंद्र वैद्य की विशेष अदालत में पहुंचे मामले की पैरवी उप जिला न्यायवादी एलएम शर्मा ने की। इस मामले में कुल दस गवाह पेश किए गए। बहरहाल आरोपी युवक पर दोष सिद्ध होने पर उसे साढ़े तीन साल की साधारण कैद और दस हजार रुपये जुर्माना भरने की सजा अदालत ने सुनाई है।