परागपुर(कांगड़ा)। परागपुर की लगातार हो रही अनदेखी को लेकर स्थानीय लोगों में पर्यटन विभाग और जिला प्रशासन के खिलाफ रोष है। राज्यस्तरीय लोहड़ी पर्व को लेकर हुई बैठक से जिला प्रशासन एवं पर्यटन और भाषा एवं संस्कृति विभाग ने इस बार भी दूरी बनाए रखी। इसे लेकर लोगों में यह चर्चा है कि विभागों के नकारात्मक रवैये के कारण कहीं इस बार का राज्य स्तरीय लोहड़ी पर्व भी मात्र दो घंटों में न सिमट जाए। हालांकि जब लोहड़ी पर्व को राज्यस्तर का दर्जा प्राप्त नही था, तो उस समय पर्यटन विभाग प्रमुख भूमिका में होता था और उक्त पर्व का आयोजन विभाग बड़ी धूमधाम से होता था। हैरिटेज विलेज कमेटी को केंद्र सरकार से स्वीकृत धनराशि का दुरुपयोग होने और इसका क्रमवार खुलासा होने से पर्यटन विभाग बैकफुट पर चला गया। इसलिए कहीं न कहीं लोहड़ी पर्व की गिरती साख का कारण यह भी है। स्थानीय संजीव कुमार, राजिंद्र कुमार, राजेश भट्ट, दिनेश कुमार, राहुल, आशुतोष, राजीव, सतीश, सुमित, रणधीर, कर्ण पंडित, अश्वनी, अजय, कृष्ण, शुभम, दिपु, सागर, रिशु, अर्जुन आदि ने हेरिटेज विलेज कमेटी गरली परागपुर के अध्यक्ष एंव डीसी कांगड़ा और कमेटी के सदस्य और जिला पर्यटन विकास अधिकारी से आग्रह किया है कि लोहड़ी पर्व का आयोजन राज्यस्तरीय कार्यक्रम की तरह किया जाए।