टौणी देवी (हमीरपुर)। एनएच तीन पर बुधवार सुबह टौणी देवी के नजदीकी क्षेत्र झनिक्कर में निर्माणाधीन कंपनी के करीब चार दर्जन ऑपरेटरों, ड्राइवरों और मजदूरों ने तीन-चार माह से वेतन न मिलने और डराने धमकाने का आरोप लगाते हुए अपनी ही कंपनी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। आंदोलन कर रहे सभी लोगों ने काम करना बंद कर दिया और हड़ताल पर चले गए। जिला चंबा के मुकेश कुमार हमीरपुर से मंडी एनएच 03 निर्माण कार्य में जुटी सूर्या कंपनी में बतौर ड्राइवर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनकी पत्नी बहुत बीमार है।
उसके इलाज के लिए पैसों की सख्त जरूरत है, ताकि इलाज के लिए पैसे घर भेज सकूं। अपने बच्चों और परिवार के भविष्य और पालन पोषण के लिए सैकड़ों किमी दूर उन्हें घर में छोड़ यहां आकर दिन-रात कंपनी के लिए काम कर रहा हूं। लेकिन दिन-रात मेहनत करने के बावजूद वेतन नहीं मिल रहा है। इस दौरान इन लोगों ने निर्माण कंपनी के खिलाफ सड़क पर नारेबाजी भी की।
आंदोलन कर रहे मजदूरों सुखा लाल, सुरेश कुमार, भानु पटेल, पुरुषोत्तम दास, कुलदीप कुमार, विजय कुमार, सुनील कुमार, अवतार सिंह, सिमर लाल, सतनाम सिंह, जितेंद्र, रजत, लव कुमार, अनिल कुमार, शुभम, मनदीप और वीर सिंह आदि ने कंपनी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें करीब तीन-चार माह से वेतन नहीं दिया जा रहा है और हर बार तारीख पर तारीख दे दी जाती है। जब कोई मजदूर वेतन के लिए आवाज उठाता है तो उल्टा उसे डराया धमकाया जाता है। उन्होंने मजदूरों को कंपनी की ओर से दिए जाने वाले घटिया भोजन पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि इस कंपनी में वह लोग गुलाम बनकर रह गए हैं। अपने घरों को छोड़कर वे सैकड़ों किमी दूर काम करने यहां आए थे और आज हालात ऐसे बन गए हैं कि वह पाई-पाई के लिए मोहताज होकर रह गए हैं। घर वापस जाने के लिए किराया तक भी उनके पास नहीं है। उन्होंने कहा कि कंपनी की ओर से आज तक न ही उनका ईपीएफ काटा गया है और न ही श्रम विभाग में रजिस्ट्रेशन करवाई गई है। वह डर के साए में काम कर रहे हैं। इन सभी आंदोलनकारियों ने एक स्वर में कहा कि हमें इस कंपनी में काम नहीं करना है। कंपनी हमारा आज तक का हिसाब कर दें ताकि हम अपने घर वापस जा सकें। इस बारे में सूर्य कंपनी के एचआर अधिकारी रजनीश ने कहा कि आंदोलन कर रहे लोग हमारे पंजीकृत कर्मचारी नहीं है। इन लोगों ने वेतन संबंधी जरूरी दस्तावेज कंपनी के पास जमा नहीं करवाए हैं। जिस कारण वेतन देने में देरी हुई है। इनका वेतन जल्द ही दिया जा रहा है।