बिझड़ी (हमीरपुर)। उपमंडल बड़सर के बाजारों में सिरिंज में चॉकलेट भरकर बेची जा रहीं हैं। इन सिरिंजों पर न तो किसी उत्पाद निर्माता कंपनी का नाम है और न चॉकलेट बनाने वाली कंपनी का नाम है। बच्चे दस रुपये में सिरिंज के लालच और चॉकलेट खाने के लिए इसे खूब खरीद रहे हैं। इससे उनकी सेहत से खिलवाड़ किया जा रहा है। कंपनी का नाम न होने के कारण यह पता नहीं लग पा रहा है कि सिरिंज को पहले इस्तेमाल किया गया है या नहीं। अगर इनका पहले इस्तेमाल किया होगा तो बच्चे चॉकलेट के लालच में किसी भी बीमारी का शिकार हो सकते हैं। बड़सर, दरकोटी, गारली व बिझड़ी के बाजार में दुकानदार इस सिरिंज वाली चॉकलेट को बेच रहे हैं।
खाद्य सुरक्षा विभाग और खाद्य आपूर्ति विभाग के निरीक्षक दुकानों में बिना ब्रांड वाला सामान बेचने वालों पर कार्रवाई नहीं कर पा रहे हैं। व्यापार मंडल बिझड़ के प्रधान बब्बी शर्मा, ओंकार शर्मा, महेंद्र सिंह राजूपत, देश राज, शुभम शर्मा व अनिल शर्मा ने बताया कि प्रदेश सरकार और खाद्य आपूर्ति विभाग को इस तरह के बिना ब्रांड वाले चॉकलेट बेचने वालों पर कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने विभाग से मांग की है कि बिना ब्रांड वाले चॉकलेट बेचने वाले दुकानदारों और इसे सप्लाई करने वाले मुनाफाखोरों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए ताकि बच्चों की सेहत से किसी भी प्रकार का खिलवाड़ न हो पाए। जिला खाद्य आपूर्ति विभाग के नियंत्रक अरविंद शर्मा ने बताया कि निरीक्षक को इस बारे में कार्रवाई करने के लिए आदेश जारी कर दिए हैं। निरीक्षण कर बिना ब्रांड वाले चॉकलेट बेचने वालों पर कार्रवाई की जाएगी और उनको जुर्माना भी किया जाएगा। उधर, सीएमओ हमीरपुर डॉ. आरके अग्निहोत्री ने कहा कि मामले की जांच कर उचित कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
देशराज अत्री: संपादित