हमीरपुर। जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में बाहरी राज्यों या विदेश से लौटे कुछ लोग क्वारंटीन का पालन नहीं कर रहे हैं। 14 दिन के क्वारंटाइन पर रखे गए ऐसे लोग अक्सर दुकानों पर खरीदारी करते हुए नजर आ रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में दिल्ली, चंडीगढ़, राजस्थान, महाराष्ट्र सहित अन्य राज्यों से आए लोग खरीदारी कर रहे हैं और अन्य लोगों के साथ शामिल हो रहे हैं। वहीं, विभाग ने इन क्वारंटीन पर रखे गए लोगों पर नजर रखने के लिए हेल्थ वर्कर्स और आशा कार्यकर्ताओं की ड्यूटी लगाई है। आशा कार्यकर्ता भी ऐसे लोगों पर निगरानी रखने के लिए उन्हें महज फोन कर रही हैं और उनकी सेहत संबंधी जानकारी ले रही हैं। हालांकि, ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसा कोई संदिग्ध अभी तक नहीं आया है, लेकिन एहतियातन तौर पर लोग कोई जोखिम नहीं उठाना चाहते हैं। जिले की कई पंचायतें ऐसी हैं जहां के लोग बाहरी राज्यों में नौकरी या पढ़ाई करने गए हुए थे। लेकिन, लॉकडाउन के चलते वह बीते सप्ताह अपने अपने घरों को लौट आए हैं। हालांकि, ऐसे लोगों की स्वास्थ्य जांच जिले में प्रवेश करने से पहले हो चुकी है और इन्हें क्वारंटीन रहने को कहा गया है, इसके बावजूद यह लोग राशन, सब्जी इत्यादि खरीदने के लिए दुकानों में दिख रहे हैं। ग्रामीणों में अश्विनी शर्मा, दीपचंद, शुभम पठानिया, विनोद कुमार, अरुण धीमान आदि का कहना है कि क्वारंटीन अवधि में जिन लोगों को रहने के लिए बोला गया है, उनमें से कुछ इसकी उल्लंघन कर दुकानों इत्यादि में पहुंच रहे हैं। वहीं, आशा कार्यकर्ताओं भी महज फोन पर ही उनकी सेहत संबंधी जानकारी ले रही हैं। इससे खतरा बढ़ सकता है। उन्होंने विभाग से उनकी उचित निगरानी रखने की मांग की है। इसमें जिला स्वास्थ्य अधिकारी एवं नोडल अधिकारी डॉ. संजय जगोता का कहना है कि आशा कार्यकर्ता सुबह 10:00 बजे फोरम की प्रकृति करवाती हैं और शाम को फोन पर ऐसे लोगों की सेहत के बारे में जानकारी लेती हैं। स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी रखी हुई है और नियमों का पालन करने की हिदायत दी है। नियमों का उल्लंघन करने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।