संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। जन्मदोष के कारण टेढ़े पैरों के साथ पैदा हुए बच्चों का मेडिकल कॉलेज में हर वीरवार को इलाज किया जाता है। इन बच्चों के लिए मिरेकल फुट एनजीओ कार्य कर रहा है। उपचार निशुल्क किया जा रहा है। जिला हमीरपुर में ऐसे ही 31 बच्चों का इलाज एनजीओ के सहयोग से मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में किया गया। सरकार के राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत विसंगतियों के साथ पैदा होने वाले बच्चों को सरकार निशुल्क इलाज की सुविधा दे रही है। प्रदेश के हमीरपुर, बिलासपुर, कुल्लू और मंडी में यह एनजीओ बच्चों के टेढ़े पैरों के इलाज के लिए काम कर रहा है। मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में भी प्रत्येक वीरवार को सुबह नौ से तीन बजे तक हड्डी रोग ओपीडी में ऐसे बच्चों का उपचार किया जाता है। मेडिकल कॉलेज के हड्डी रोग विभाग के एचओडी डॉ. संजय ठाकुर ने कहा कि क्लब फुट की समस्या के उपचार के लिए हर सप्ताह वीरवार को ओपीडी होती है। मिरेकल फीट एनजीओ के सहयोग से बच्चों के पैरों को ठीक किया जा रहा है। एनजीओ के प्रोग्राम एग्जीक्यूटिव सेरिंग पालदेन नेगी ने कहा कि अगर कहीं पर बच्चे में ऐसी समस्या है तो लोग उनके संपर्क कर सकते हैं। इस बारे में मेडिकल कॉलेज हमीरपुर के प्राचार्य डॉ. रमेश भारती ने कहा कि टेढ़े पैरों के साथ जन्मे बच्चों का मिरेकल फीट एनजीओ के साथ मिलकर इलाज किया जाता है।