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फोरलेन : चील बाहल से कोहली प्रस्तावित बाईपास के लिए पर्यावरण मंत्रालय से मिली अनुमति

Fri, 11 Aug 2023 12:24 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
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रंगस (हमीरपुर)। मटौर से शिमला फोरलेन के तहत नादौन क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले क्षेत्र चील बाहल से कोहली मटनसिद्ध तक प्रस्तावित बाईपास निर्माण के लिए पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय भारत सरकार ने अनुमति प्रदान कर दी है। अनुमति मिलते ही वन मंडल अधिकारी हमीरपुर ने परियोजना निदेशक राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण हमीरपुर को पत्र लिखकर प्रतिपूरक वन रोपण योजना के तहत 10,02,56,574 रुपये की धनराशि जमा करवाने के लिए कहा है। इसके लिए वीरवार को राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण विभाग को वन विभाग की ओर से पत्र लिख कर भेज दिया गया है ताकि अति शीघ्र बाईपास के निर्माण कार्य को तेज गति से बढ़ाया जाए। वन विभाग की ओर से लिखे पत्र के अनुसार प्रतिपूरक वनीकरण की धनराशि के रूप में 69,42,000 रुपये, वर्तमान मूल्य 1,84,67,000 रुपये, मृदा एवं नमी संरक्षण 41,13,000 रुपये की धनराशि, वन्य जीव संरक्षण योजना के तहत 1,64,52,000 रुपये व प्रतिपूरक वनीकरण पर आकस्मिकता धनराशि 5,83,850 रुपये कुल 4,65,57,850 रुपये की धनराशि जमा कराने के लिए कहा है।
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दूसरी ओर पेड़ों की कीमत 5,26,59,774 रुपये की धनराशि और विभागीय शुल्क के तौर पर 10,38,950 रुपये यानी कुल 10,02,56,574 रुपये की धनराशि डिमांड ड्राफ्ट वन मंडल अधिकारी हमीरपुर के नाम बनाने के लिए कहा है। दूसरी ओर मुआवजे के रूप में उपरोक्त धनराशि 4,65,57,850 रुपये को प्रतिपूरक वनरोपण निधि प्रबंधन और योजना प्राधिकरण के अंतर्गत चालान के माध्यम से ऑनलाइन पोर्टल के तहत कॉरपोरेशन बैंक के खाते में जमा करवाने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण विभाग को कहा है। वन मंडल अधिकारी हमीरपुर राकेश कुमार ने कहा कि राज्य सरकार के प्रस्ताव का ध्यानपूर्वक अध्ययन करने के पश्चात 12.8537 हेक्टेयर वन भूमि के उपयोग के लिए सैद्धांतिक स्वीकृति कुछ शर्तों के तहत पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय भारत सरकार की ओर से दी गई है। उसी के तहत राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण हमीरपुर को मुआवजा राशि जमा करवाने के लिए पत्र लिखा गया है ताकि आगामी कार्रवाई अति शीघ्र अमल में लाई जाए। उन्होंने कहा कि अभी फिलहाल वन विभाग की ओर से प्रथम चरण की अनुमति वन संरक्षण अधिनियम 1980 के तहत दी गई है। चील बाहल से कोहली तक फोरलेन बाईपास के निर्माण के लिए वन विभाग की 12.8537 हेक्टेयर यानी 334 कनाल भूमि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण विभाग के नाम तब्दील होनी है। इसकी दूरी कुल 17.20 किलोमीटर बनती है।
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