हमीरपुर। दी संगरोह कृषि सेवा सहकारी सभा सीमित में ऑडिट पैरा में खामियों की जांच के मामले में नया खुलासा हुआ है। सभा के ऑडिट के लिए नियुक्त चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) ने ऑडिट करने से इंकार कर दिया है। इसके बारे में सीए की ओर से सहायक पंजीयक कार्यालय हमीरपुर में लिखित जानकारी दी गई है। सीए ने विभाग को किए पत्राचार में कहा है कि सभा की ओर से उन्हें ऑडिट के जरूरी दस्तावेज उपलब्ध नहीं करवाए जा रहे हैं। ऐसे में ऑडिट किया जाना संभव नहीं है।
गौरतलब है कि सभा के साल 2021-22 के ऑडिट पैरा में भी गंभीर खामियां पाई गई हैं जिनकी जांच सहकारी सभा पंजीयक कार्यालय हमीरपुर की ओर से की जा रही है। वहीं अब साल 2022-23 का ऑडिट करने से ही सीए ने इंकार कर दिया है। 2021-22 में सभा की प्रबंधन समिति की ओर से सीए को ऑडिट का जिम्मा सौंपा गया था। इस दौरान भी ऑडिट पैरा में गंभीर खामियां पाई गई हैं। मामले की पिछले एक साल से जांच जारी है। जांच आगे नहीं बढ़ने पर बीते 27 अप्रैल को सभा में विभाग की ओर से प्रशासक की तैनाती की गई है लेकिन सभा की ओर से सहकारी सभा पंजीयक कार्यालय शिमला में प्रशासक की नियुक्ति को चुनौती दी गई है। इस मामले में सात मई को सुनवाई प्रस्तावित है। प्रशासक की नियु़क्ति को सभा के उपप्रधान और तीन सदस्यों ने चुनौती दी है जबकि प्रधान व दो सदस्यों ने प्रशासक की नियुक्ति को जायज ठहराया है। प्रधान और दो सदस्यों ने अपने पदों से इस्तीफा भी दे दिया है। वहीं अब इस मामले में नया खुलासा हुआ है कि ऑडिट के लिए सभा सचिव की ओर से जरूरी दस्तावेज न मिलने पर सीए ने ऑडिट करने से इंकार कर दिया है। बिल, वाउचर समेत अन्य रिकाॅर्ड समय पर उपलब्ध न होने पर सीए ने ऑडिट से इंकार किया है।
सहकारी सभाएं उप पंजीयक हमीरपुर वीना भाटिया ने कहा कि प्रशासक की नियुक्ति के मामले में मंगलवार को सुनवाई होगी। सुनवाई में फैसले के अनुसार ही आगामी कार्रवाई की जाएगी। सभा का ऑडिट करने वाले सीए ने ऑडिट करने से इंकार कर दिया है। उन्होंने इसके बारे में विभाग को सूचित किया है।