पंचायत ने 40 लाख खर्च करके घरों की सुरक्षा के लिए निर्मित किए 80 डंगे
सात नई पशुशालाओं का निर्माण करके पशुपालकों के लिए दी सुविधा
हनोह नाले में आठ क्रेटवाल से भूमि कटाव से बचेगी उपजाऊ भूमि
2023 में बादल फटने की घटना से हनोह पंचायत को करीब एक करोड़ का हुआ है नुकसान
संवाद न्यूज एजेंसी
जाहू (हमीरपुर)। उपमंडल भोरंज की हनोह पंचायत के पांच गांवों के लोगों के लिए केंद्र सरकार की महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) साकार साबित हुई है। इस योजना से भूस्खलन स्थल पर डंगों का निर्माण, पशुशालाओं का निर्माण और वर्षा जल संग्रहण टैंकों के निर्माण होने से ग्रामीणों को राहत मिली हैं। हनोह पंचायत में जुलाई 2023 में बादल फटने जैसी घटना और हनोह नाले में आई बाढ़ की बजह से ग्रामीणों को करीब एक करोड़ का नुकसान उठाना पड़ा था। पंचायत प्रतिनिधियों ने मनरेगा योजना के तहत करीब 120 घरों में से 80 के पास भूस्खलन स्थल पर डंगों का निर्माण करके 100 घरों को सुरक्षित किया है। इस पर करीब 40 लाख खर्च किए गए हैं। इससे पंचायत के 100 घर बरसात के मौसम में सुरक्षित हुए हैं। इसके अलावा पंचायत के रवि कुमार, जमना देवी, कमलजीत सहित सात लोगों की पशुशालाओं का मनरेगा के निर्माण किया गया है। इस पर पंचायत ने छह लाख खर्च करके पशु धन को बढ़ावा देने का कार्य किया है। हनोह नाले से होने वाले भूमि कटाव व घरों को सुरक्षित करने के लिए करीब आठ लाख से 8 क्रेटवाल (सपारें) लगाई गई है। ग्रामीण पूर्ण चंद, जगदीश चंद, शशिपाल, पुरुषोत्तम लाल, रवि कुमार, प्रकाश चंद, सुभाष चंद, कांता देवी, सुरेंद्र कुमार, मंशा राम, हेमराज, राम स्वरूप, कश्मीर सिंह, सुभाष व अन्य कहा कहना है कि पंचायत ने बरसात के मौसम से पहले घरों के पास डंगों का निर्माण करके घरों को सुरक्षित किया है। मनरेगा योजना से जहां एक ओर रोजगार मिला है, वहीं पंचायत के विकास में भी तेजी आई है। इस बारे में हनोह पंचायत प्रधान बोहरा राम व उपप्रधान संदेश कुमार ने कहा कि पिछली बरसात में पंचायत में काफी नुकसान हुआ है। इस बार नुकसान को कम करने के लिए 80 डंगे लगाए गए हैं तथा कुछ का कार्य बचा हुआ है। पंचायत ने दो वर्षा जल संग्रहण टैंक का निर्माण करके लोगों को सुविधा दी गई है।