चंबा। विधानसभा चुनाव के नजदीक आते ही कारोबारियों ने पार्किंग का मुद्दा जोरशोर से उठाना शुरू कर दिया है।
व्यापारियों का कहना है कि उसी प्रत्याशी को विधानसभा में चुनकर भेजेंगे जो शहर में पार्किंग की समस्या को हल करवाने का वायदा करेगा। जिला मुख्यालय में आज तक वाहनों को पार्क करने की सुविधा उपलब्ध नहीं है। दुकानदारों का मानना है कि उनके कारोबार पर भी पार्किंग का अभाव असर डाल रहा है। अक्सर अपने दोपहिया या चौपहिया वाहन लेकर ग्राहक सामान खरीदने के लिए शहर पहुंचते हैं लेकिन पार्किंग न होने पर कई बार लोग चाहकर भी खरीदारी नहीं कर पाते हैं। शहर में स्वास्थ्य, शिक्षा और सड़कों की दशा काफी दयनीय है।
जिला मुख्यालय में एक अदद पार्किंग का अभाव है। पार्किंग न होने से कारोबारियों के व्यापार पर असर पड़ रहा है। सड़क पर वाहनों को खड़ा करने से अक्सर चालान कटने का भय बना रहता है। प्रत्याशी वही चुनना चाहिए जो शहर की समस्याओं को हल करवा सके। -अजय कुमार
लोगों को नए प्रत्याशी से बहुुत उम्मीदे हैं। दुकानदारों को पार्किंग के अभाव में परेशानी हो रही है। कारोबार पर भी इससे असर पड़ रहा है। उसी को अपना नेता चुनेंगे जो कारोबारियों से पार्किंग की समस्या से निजात दिलाने का वायदा करेगा। -विनोद जसवाल
केवल शिक्षित प्रत्याशी को ही चुनकर आगे लाना चाहिए। शिक्षित प्रत्याशी ही शिक्षा के स्तर को आगे बढ़ाने के लिए ध्यान दे सकता है। विद्यार्थियों के भविष्य को लेकर समय पर उचित प्रयास करने और सख्त निर्णय लेने वाला प्रत्याशी ही चुनाव में चुनकर आना चाहिए। सूरज कुमार
सड़क, शिक्षा और स्वास्थ्य मूलभूत सुविधाओं में आते हैं लेकिन शहर में स्थित मेडिकल कॉलेज तो रेफरल अस्पताल बनकर रह गया है। यहां अल्ट्रासाउंड के लिए तारीख पर तारीख मिलती है। अधिकांश टेस्ट निजी लैबों में करवाने पड़ते हैं। कई मोहल्लों में सड़कों की हालत दयनीय है। समस्याओं को हल करवाने वाला ही प्रत्याशी चुनना चाहिए। -अरविंद कुमार