ताजा बर्फबारी के बाद बर्फ से ढकी भरमौर की पहाड़ियां।संवाद
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चंबा। जनजातीय क्षेत्र पांगी में बर्फबारी होने से घाटी में लोगों का जीवन अस्त व्यस्त हो गया है। बर्फबारी के बाद घाटी की आधा दर्जन पंचायतों में बिजली की आपूर्ति ठप पड़ गई है। किलाड़ मुख्यालय के अलावा दूरदराज की अन्य पंचायतों में लोगों को कड़ाके की ठंड में बिना बिजली के गुजारा करना पड़ रहा है। इसके अलावा सड़क मार्गों पर बसों की आवाजाही भी बंद हो गई है।
रविवार को सुबह के समय शुरू हुई बर्फबारी दोपहर तक चलती रही। इस दौरान किलाड़ मुख्यालय में एक इंच तो वहीं कुुमार, परमार, शुण, चुस्क, हुडान और सुराल में पांच इंच तक बर्फबारी हुई। इसके अलावा साच पास के अलावा पांगी की ऊपरी चोटियों पर एक फीट तक ताजा हिमपात हुआ है। बर्फबारी होने से पूरी घाटी ठंड की चपेट में आ गई है। ठंड की वजह से लोग अपने घरों में दुबकने के लिए मजबूर हो गए हैं। शनिवार को जिला प्रशासन ने समय रहते विधानसभा चुनाव के लिए ईवीएम मशीनें पांगी पहुंचा दीं।
अन्यथा बर्फबारी का दौर चलने से मशीनों को यहां पहुंचाना मुश्किल भी हो सकता था। चुनाव के लिए प्रचार में डटे राजनीतिक पार्टियों के नेताओं के लिए बर्फबारी ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं। बर्फबारी के बीच नेताओं को दूरदराज के गांव में प्रचार के लिए पहुंचना मुश्किल हो रहा है। हालांकि भाजपा और कांग्रेस के प्रत्याशी कुछ दिन पहले पांगी घाटी का दौरा कर चुके हैं। आने वाले दिनों में भी पांगी घाटी में बर्फबारी होने की संभावना है।
स्थानीय प्रशासन ने लोगों को अनावश्यक अपने घरों से निकलने के लिए मना किया है। साथ ही भूस्खलन वाले स्थानों में जाने के लिए परामर्श दिया है। इसके अलावा प्रशासन की तरफ से सरकारी विभागों को मुस्तैद रहने के आदेश दिए गए हैं। उपमंडल अधिकारी पांगी रजनीश शर्मा ने बताया कि घाटी में बर्फबारी के मौसम में लोगों को अपने घरों में रहने की हिदायत दी गई है। प्रशासन की तरफ से आपदा से निपटने की तैयारियां पूर्ण हैं।