चंबा। राजकीय प्राथमिक स्कूल देहरा को नौ वर्ष बीतने के बाद भी अपना भवन नसीब नहीं हो पाया है। इसके चलते पिछले नौ वर्षों से विद्यार्थियों की पढ़ाई किराये के दो कमरों में चल रही है। इतना ही नहीं, किराये के दो कमरों में से एक कमरे में अध्यापक और स्कूल का सामान है। एक कमरे में 48 विद्यार्थियों को बैठाया जाता है जहां पर अध्यापकों को पढ़ाना और विद्यार्थियों को पढ़ने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
अभिभावकों का कहना है कि बच्चों की ज्यादा संख्या होने से खुले आसमान के तले कक्षाएं लगानी पड़ती हैं लेकिन वर्तमान समय में भारी बारिश के चलते बच्चों को एक कमरे में बैठाना काफी मुश्किल हो चुका है। 14 फरवरी 2014 को इस स्कूल को खोला गया था लेकिन तब से लेकर आज तक स्कूल के लिए अपना भवन नहीं बन पाया है। अभिभावकों मीना देवी, जगदीश सिंह, राकेश कुमार, त्रिलोक कुमार, भवनेश कुमार और सरोज कुमारी का कहना है कि बरसात शुरू होने से अब रोजाना बारिश के चलते 48 बच्चों को एक कमरे में पढ़ाना अध्यापकों के लिए भी किसी चुनौती से कम नहीं है। अभिभावकों ने प्रदेश सरकार और शिक्षा विभाग से मांग की है कि देहरा स्कूल के लिए जल्द अपना भवन बनाया जाए। प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक सुमन कुमार मिन्हास का कहना है कि इसके बारे में प्रदेश सरकार को अवगत किया जाएगा।