चंबा। हिमाचल प्रदेश कौशल विकास निगम के तत्वावधान में जिले के युवाओं को दो बार ही पीजीडीसीए (पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन) का निशुल्क कोर्स करने का मौका मिला है।
तीसरी बार यह कोर्स शुरू नहीं हो पाया है। डीसीए (डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन) का कोर्स भी एक बार चंबा में कौशल विकास निगम के तहत हुआ। दूसरी बार यह कोर्स भी नहीं हो पाया। इसके चलते युवाओं को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। निजी केंद्रों के माध्यम से पीजीडीसीए के लिए युवाओं को करीब 25 हजार तक राशि खर्च करनी पड़ रही है। डीसीए के लिए भी बीस हजार रुपये की राशि खर्च करनी पड़ रही है।
प्रदेश कौशल विकास निगम के तत्वावधान में यह कोर्स करने वाले युवाओं को किसी प्रकार की राशि नहीं चुकानी होगी। युवाओं का कौशल मजबूत करने को ये कोर्स करीब दो साल पहले निशुल्क शुरू किए थे। अब दोबारा इन्हें शुरू नहीं किया जा रहा है।
प्रदेश कौशल विकास निगम ने शुरुआती दौर में ये कोर्स शुरू करते समय पचास प्रतिशत फीस अभ्यर्थियों को चुकाने के लिए कहा था। इसके बाद प्रबंधन ने युवाओं को राहत देते हुए ये कोर्स निशुल्क कर दिए। दो साल तक पीजीडीसीए के दो बैच रहे, मगर डीसीए का एक ही बैच हुआ। दोबारा ये कोर्स प्रदेश कौशल विकास निगम शुरू नहीं कर पाया है।
हिमाचल प्रदेश कौशल विकास निगम के जिला समन्वयक दीपक शर्मा ने कहा कि जिले में दो बैच पीजीडीसीए और एक बैच डीसीए का बैठा था। दोबारा यह कोर्स शुरू नहीं किए गए हैं।
प्रदेश कौशल विकास निगम के राज्य समन्वयक अतुल ने कहा कि वे अभी किन्नौर दौरे पर हैं। इस बारे में कार्यालय से ही जानकारी मिल सकती है कि कोर्स क्यों शुरू नहीं हुए।