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Chamba News: सेब बगीचों में पाउडरी मिल्डयू रोग से फसल को खतरा

Fri, 05 May 2023 10:19 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
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भरमौर (चंबा)। जनजातीय क्षेत्र भरमौर में सेब बगीचों में पाउडरी मिल्डयू रोग पनप रहा है। इसकी वजह से बागवान अपनी फसल को लेकर काफी परेशान हैं। रोग लगने से सेब की नई कलियों, पत्तियों और फलों को नुकसान पहुंचने का खतरा बढ़ गया है। भरमौर के मलकौता सहित अन्य क्षेत्रों के बगीचों में यह रोग देखने को मिल रहा है। रोग से पौधों के विकास और फल उत्पादकता पर गहरा असर पड़ता है। यह रोग अक्सर बसंत ऋतु में ज्यादा देखने को मिलता है लेकिन इस बार अप्रैल और मई में ज्यादा बारिश का होना इसका कारण माना जा रहा है। पाउडरी मिल्डयू से ग्रसित पौधों में नई कलियां और पत्ते छोटे और सफेद हो जाते हैं। इसके साथ पत्ते समय से पहले झड़ जाते हैं। यह रोग पोडोस्फेरा ल्यूकोट्राइका नामक फफूंद से होता है। आजकल कुछ बगीचों में यह रोग देखने को मिल रहा है। इससे पौधे के विकास और उत्पादकता पर गहरा असर पड़ता है।
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रोग के लक्षण कलियों, पत्तियों, कोमल टहनियों और फलों में देखने को मिलते हैं। पाउडरी मिल्ड्यू से ग्रसित पौधों की कलियां और पत्ते ऐसे दिखते हैं कि मानो की इन पर सफेद चूर्ण छिड़का गया हो। संक्रमित पत्ते मुड़े हुए और सख्त होते हैं। ग्रसित कलियों पर फल नहीं लगते। यदि फल लग भी जाएं तो वह अपना पूर्ण आकार नहीं ले पाते। फल की गुणवत्ता भी अच्छी नहीं होती।
उद्यान प्रसार अधिकारी भरमौर डॉ. मनोहर लाल ने बताया कि बागवान रोग की रोकथाम के लिए कार्बेंडाजिम और मानकोंजेब या फिर टेबूकोनाजोल और सर्केडिस प्लस 12.5 एससी का घोल बनाकर सेब के पौधों पर स्प्रे करें। रोग ग्रसित टहनियों और पत्तियों को निकाल कर दबा दें या जला दें।
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