चंबा। रावी नदी के पानी की गुणवत्ता की जांच करने के लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने तीन सैंपल भरे हैं। इन्हें जांच के लिए धर्मशाला भेजा गया है। यहां पानी की गुणवत्ता की जांच की जाएगी।
कूड़ा फेंकने से लेकर पावर प्रोजेक्टों से गंदा पानी रावी नदी में छोड़ने के कई वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हुए हैं। इसको लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड रावी नदी के पानी की गुणवत्ता की जांच करने के लिए सक्रिय हो गया है। बोर्ड के अधिकारियों ने रावी नदी के तीन मुहानों से सैंपल भरे हैं। कुछ दिन बाद सैंपल की रिपोर्ट लैब से आ जाएगी। बोर्ड रिपोर्ट के आधार पर आगामी कार्रवाई करेगा।
रावी नदी के पानी का जिला चंबा की दर्जनों पंचायतों के लोग पीने के लिए इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में नदी के पानी का दूषित होना लोगों की सेहत के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। इसके चलते प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड रावी नदी के पानी की जांच करने में जुट गया है। रावी नदी के ऊपर तीन से अधिक पावर प्रोजेक्ट बने हैं। ऐसे में नदी के पानी का प्रदूषित होने का खतरा भी अधिक रहता है। इसके अलावा कुरांह में कूड़ा संयंत्र भी रावी नदी तट के मुहाने पर बना है। यहां कई बार रावी नदी पर कूड़ा गिरता हुआ देखा गया है।
उधर, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सहायक अभियंता राहुल शर्मा ने बताया कि रावी नदी के पानी की गुणवत्ता जांच करने के लिए पानी के तीन सैंपल भरे गए हैं। ये जांच के लिए धर्मशाला लैब में भेजे गए हैं। लैब की रिपोर्ट आने के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी।