डलहाजी के तलेरू में बोटिंग करते पर्यटक। संवाद
- फोटो : Chamba
डलहौजी (चंबा)। पर्यटन नगरी डलहौजी के पर्यटन स्थल तलेरू बोटिंग प्वाइंट में सैलानियों की जान से खिलवाड़ किया जा रहा है। बरसात के मौसम में भी यहां नियमों को ताक पर रखकर बोटिंग करवाई जा रही है। जबकि प्रदेश सरकार ने 15 जुलाई से 15 सितंबर तक बरसात के मौसम में किसी भी प्रकार की जलक्रीड़ा पर प्रतिबंध लगा रखा है। बावजूद इसके तलेरू में सैलानियों को बोट में बैठाकर चमेरा जलाशय में उतारा जा रहा है।
खतरे से अनजान सैलानी भले ही इस बोटिंग का आनंद उठा रहे हैं लेकिन यह लापरवाही कभी भी उनके लिए हानिकारक साबित हो सकती है। जिले में बरसात के चलते नदी-नाले उफान पर हैं। जलाशय का जलस्तर भी बढ़ा हुआ है। ऐसे में सैलानियों को बोटिंग करवाना खतरे से खाली नहीं है। इसी खतरे को ध्यान में रखते हुए सरकार ने बरसात के मौसम में बोटिंग पर प्रतिबंध लगा रखा है लेकिन तलेरू बोटिंग प्वाइंट पर इन आदेशों को नजरअंदाज किया जा रहा है। कुछ माह पहले इसी स्थान पर राष्ट्रीय स्तर की बोटिंग प्रतियोगिता का आयोजन हुआ था। इसमें मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने शिरकत की थी लेकिन मौजूदा समय में यहां अवैध रूप से बोटिंग करवाई जा रही है।
इतना ही नहीं, तलेरू बोटिंग प्वाइंट पर जलक्रीड़ा करवाने का अनुबंध भी नौ जुलाई को समाप्त हो चुका है। हैरानी की बात है कि प्रशासन और अन्य विभाग इसको लेकर गंभीर नहीं हैं। हालांकि, पर्यटन विभाग ने इसे बंद करने का नोटिस भी जारी किया है। बावजूद इसके अपने आकाओं की रहनुमाई में यहां निजी कर्मचारी अवैध रूप से सैलानियों को बोटिंग करवा रहे हैं। शनिवार और रविवार को यहां फैमिली क्रूज में सैलानियों को बोटिंग करवाते वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं।
जिला पर्यटन विकास अधिकारी निशांत ठाकुर ने बताया कि यह मामला उनके संज्ञान में है। इस बाबत सलूणी प्रशासन और पुलिस विभाग को बोटिंग बंद करवाने के नोटिस दिए जा चुके हैं। उन्होंने माना कि बोटिंग का अनुबंध नौ जुलाई को समाप्त हो चुका है। इसको लेकर जल्द उचित कदम उठाए जाएंगे।