चंबा। सनवाल पंचायत में लाखों रुपये के सेब पौधों की खरीद मामले की गड़बड़ी में पंचायत प्रतिनिधियों ने कारण बताओ नोटिस का जवाब दे दिया है।
अब जवाब के आधार पर उपायुक्त अगली कार्रवाई करेंगे। लाखों रुपये के सेब पौधों की खरीद में पंचायत प्रतिनिधियों ने गड़बड़ी की थी। उपायुक्त ने शिकायत पहुंचते ही पंचायत प्रतिनिधियों को कारण बताओ नोटिस जारी किए थे। इसका जवाब प्रतिनिधियों को आठ दिन के भीतर देना था, लेकिन पहले प्रतिनिधि नोटिस का जवाब देने में आनाकानी कर रहे थे। खंड विकास अधिकारी ने पंचायत प्रतिनिधियों पर शिकंजा कसा तो उन्होंने 15 दिन के भीतर नोटिस का जवाब दे दिया। खंड विकास अधिकारी ने ये जवाब जिला पंचायत अधिकारी के पास जमा करवा दिए हैं। अब वहां से उपायुक्त कार्यालय में जाएंगे। यहां उपायुक्त नोटिस के जवाब की समीक्षा करने के बाद आगामी कार्रवाई करेंगे।
सनवाल पंचायत में सभी वार्डों में सेब बगीचे लगाने के लिए मनरेगा के तहत 1.20 करोड़ स्वीकृत हुए थे। इसमें पंचायत प्रतिनिधियों ने लाखों के पौधे विभागीय औपचारिकताओं को पूरा करने के बिना खरीद लिए। इसमें उद्यान विभाग से भी कोई परामर्श नहीं लिया गया। पौधों की खरीद के दाम से लेकर गुणवत्ता पर अनियमितता बरती गई है। उनके ऊपर यह भी आरोप लगे हैं कि लाखों की पेमेंट का भुगतान भी कर दिया गया, जबकि धरातल पर सेब के पौधे लगाए ही नहीं गए। ऐसे में इस मामले में लाखों की गड़बड़ी होने की संभावना जताई गई है। इसको लेकर स्थानीय लोगों ने सरकार व प्रशासन के पास लिखित में शिकायत भी दी है। इसी शिकायत के आधार पर प्रशासन ने पंचायत प्रधान, उप प्रधान और छह वार्ड सदस्यों को कारण बताओ नोटिस जारी किए थे।
खंड विकास अधिकारी तीसा निशी महाजन ने बताया कि सनवाल पंचायत के सभी पंचायत प्रतिनिधियों ने कारण बताओ नोटिस का जवाब दे दिया है। जवाब डीपीओ कार्यालय में जमा करवा दिए गए हैं। अब उपायुक्त आगामी फैसला लेंगे।