चंबा। पीडीएनए (पोस्ट डिजास्टर नीड्स असेसमेंट) विशेषज्ञ अधिकारी जिले में प्राकृतिक आपदा के चलते विभिन्न विभागीय योजनाओं एवं परिसंपत्तियों को हुए नुकसान का मौके पर मूल्यांकन करेंगे। इस दौरान संबंधित विभागों के अधिकारी भी विशेषज्ञ दल के साथ मौजूद रहेंगे। यह बात अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी अमित मेहरा ने मानसून सीजन के दौरान जिले में भारी बारिश और बादल फटने की घटनाओं से हुए नुकसान को लेकर पीडीएनए की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही।
बैठक में राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण से पीडीएनए विशेषज्ञ डॉ. केसर चंद, महिंद्रा राजाराम, प्रो. उदय काला विशेष रूप से मौजूद रहे। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को पूर्व सूचित आपदा प्रभावित क्षेत्रों एवं परियोजनाओं की सूची के आधार पर पीडीएनए विशेषज्ञ अधिकारियों के साथ व्यवस्था सुनिश्चित बनाने के लिए कहा। पीडीएनए विशेषज्ञ अधिकारी विभिन्न विभागीय योजनाओं एवं परिसंपत्तियों सहित राष्ट्रीय उच्च मार्ग चक्की-चंबा-भरमौर के तहत बग्गा, चूड़ी, लोथल और पंडित जवाहरलाल नेहरू राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय से वाया पक्का टाला-बालू संपर्क सड़क, भूस्खलन से प्रभावित कश्मीरी मोहल्ला, भरमौर, होली, हड़सर सहित जिले के विभिन्न आपदा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करेंगे। बैठक में चंबा के एसडीएम अरुण शर्मा, डलहौजी के अनिल भारद्वाज, भटियात के पारस अग्रवाल सहित पुलिस उप अधीक्षक जितेंद्र चौधरी, उपनिदेशक एवं परियोजना अधिकारी जिला ग्रामीण विकास अभिकरण ओपी ठाकुर, उपनिदेशक उच्च शिक्षा प्यार सिंह चाड़क, अधीक्षण अभियंता जलशक्ति विभाग राजेश मोगरा, उपनिदेशक कृषि डॉ. कुलदीप धीमान, उद्यान डॉ. राजीव चंद्रा, तहसीलदार संदीप कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।