मेडिकल कॉलेज के इमरजेंसी वार्ड में अब दो चिकित्सक देंगे सेवाएं
छुट्टी वाले दिन बढ़ जाती है मरीजों की भीड़, मरीजों और चिकित्सकों को होना पड़ता है परेशान
लोगों को राहत देने के लिए मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने लिया निर्णय
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। मेडिकल कॉलेज चंबा में अवकाश के दिन अब आपातकालीन कक्ष में दो चिकित्सक सेवाएं देंगे। आपातकालीन कक्ष में अवकाश के दिन मरीजों की भीड़ बढ़ जाती है। इससे मरीजों के साथ ड्यूटी पर तैनात एक चिकित्सक को परेशान होना पड़ता है। पंडित जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में विधानसभा क्षेत्र चंबा, चुराह, डलहौजी, भटियात, भरमौर-पांगी से मरीज उपचार और चिकित्सक परामर्श लेने पहुंचते हैं। मेडिकल कॉलेज में 700 से 1200 तक ओपीडी रहती है। इसमें अधिकांश मरीज चिकित्सक परामर्श के बाद वापस घर लौट जाते हैं। अधिक बीमार मरीजों को चिकित्सक दाखिल कर लेते हैं। यह क्रम सप्ताह के सात दिन तक रहता है। सप्ताह में दो या तीन अवकाश होने पर आपातकालीन कक्ष में तैनात चिकित्सक को परेशान होना पड़ता है। मरीजों को भी दिक्कतें झेलनी पड़ती हैं। कई बार वार्डों में भर्ती मरीजों की हालत बिगड़ने पर उनकी जांच के लिए ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक को जाना पड़ता है। ऐसे में उपचार करवाने या चिकित्सीय परामर्श लेने के लिए आने वाले मरीजों को परेशानियां उठानी पड़ती है। आपातकालीन कक्ष में दो चिकित्सकों की तैनाती की मांग सामाजिक संगठन भी कई बार उठा चुके हैं। अब प्रबंधन ने आपातकालीन कक्ष में दो चिकित्सक तैनात करने का निर्णय लिया है। उधर, मेडिकल कॉलेज चंबा के चिकित्सा अधीक्षक बिपन ठाकुर ने बताया कि आगामी समय में अवकाश के दिनों में आपातकालीन कक्ष में दो चिकित्सकों की ड्यूटी लगाई जाएगी। इससे मरीजाें और चिकित्सकों को राहत मिलेगी।