365 में से 300 दिन विद्यार्थी करते हैं बसों में ज्यादा सफर
निर्णय को सरकार जल्द ले वापस : जरयाल
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य अर्पित जरयाल ने कहा कि प्रदेश में बस किराये में बढ़ोतरी का फैसला प्रदेश सरकार का गलत निर्णय है। उन्होंने कहा कि जिस तरह प्रदेश सरकार ने प्रदेश में बसों के किराये में बढ़ोतरी की है, उससे प्रदेश का विद्यार्थी वर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। हमें देखने को मिलता है कि अपने घरों से दूर विद्यार्थी स्कूलों, महाविद्यालय, विश्वविद्यालय और लाइब्रेरी में पढ़ने के लिए बसों में सफर करते हैं। सरकार ने किराये में बढ़ोतरी का निर्णय लिया है जिसका ज्यादा प्रभाव विद्यार्थियों पर पड़ा है। वर्ष में 365 में से 300 दिन विद्यार्थी ही बसों में सफर कर शिक्षा ग्रहण करने के लिए जाते हैं। सरकार के इस निर्णय से एक बात साफ होती है कि वर्तमान प्रदेश सरकार विद्यार्थियों के हित में बिना सोचे समझे निर्णय ले रही है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद बसों के किराये में बढ़ोतरी के निर्णय का विरोध करती है। साथ ही सरकार से विद्यार्थी विरोधी इस फैसले को जल्द वापस लेने की पैरवी करती है।