चंबा में पवित्र मणिमेहश यात्रा को लेकर अवजाही करते श्रद्धालु।
भरमौर (चंबा)। पवित्र मणिमहेश यात्रा के दौरान श्रद्धालु अब चंद मिनट में भरमौर हेलीपैड से गौरी कुंड पहुंच सकेंगे। रविवार सुबह से गौरीकुंड के लिए हेली टैक्सी सेवा शुरू हो गई है।
इसके चलते श्रद्धालुओं को आवाजाही करने में आसानी होगी। दरअसल, पड़ोसी राज्य जम्मू-कश्मीर के भद्रवाह से आने वाले श्रद्धालु भरमौर हेलीपैड पर अपने देव चिह्न के साथ दो दिन तक रात्रि ठहराव करते हैं। इस कारण चॉपर सेवाएं बाधित रहती हैं। ये श्रद्धालु दो दिन विश्राम करने के बाद यहां से आगे की यात्रा शुरू करते हैं। मणिमहेश यात्रा के दौरान हर साल भरमौर हेलीपैड पर डेरा डालते हैं। इसके बाद हड़सर के लिए रवाना होते हैं। उनकी यात्रा पड़ाव दर पड़ाव होती है। राधाष्टमी पर शाही स्नान के दौरान डल झील में डुबकी लगाने के बाद ये श्रद्धालु वापस आ जाते हैं। मान्यता है कि एक बार जहां देव चिह्न स्थापित कर दिए जाते हैं तो जत्थे में शामिल श्रद्धालुओं को उसी जगह रात्रि ठहराव करना होता है। इन श्रद्धालुओं का जत्था रविवार को हड़सर के लिए रवाना हुआ। इन श्रद्धालुओं ने भरमौर स्थित चौरासी परिसर में शीश नवाया। इस दौरान नाटी डालकर माहौल को भक्तिमय बना दिया। इस दौरान भरमौर नगर भगवान शंकर के जयघोष से गूंज उठा।