सलूणी (चंबा)। सलूणी उपमंडल के कहमली क्षेत्र में किसान इन दिनों जंगली जानवरों के आतंक से बेहद परेशान हैं। सुअर और बंदरों के झुंड मक्की की खड़ी फसल को बर्बाद कर रहे हैं। किसान रात-रात भर खेतों में पहरा देने को मजबूर हैं, फिर भी फसल को बचा नहीं पा रहे। प्रवीण कुमार, सुरेंद्र, हंसराज, कुलदीप, काश्मदीन, चमन लाल, सुशील कुमार, नरेश कुमार, सुरेंद्र और दीपू ने बताया कि उनकी मक्की की फसल पूरी तरह से तबाह हो चुकी है। उन्होंने कहा कि हमारा पूरा वर्ष इसी फसल पर निर्भर रहता है, लेकिन अब स्थिति यह है कि घर चलाना भी मुश्किल हो गया है। किसानों ने बताया कि जंगली जानवरों के आतंक से खेती करना दिन-ब-दिन कठिन होता जा रहा है। वे एसडीएम सलूणी से मिले और मुआवजे की मांग की है। उनका कहना है कि यदि सरकार और प्रशासन कोई ठोस कदम नहीं उठाता तो आने वाले वर्षों में खेती छोड़ने की नौबत आ सकती है।