चंबा के कुठेड़ प्रोजेक्ट के पास प्रदर्शन करते कंपनी के मजदूर।संवाद
चंबा। कुठेड़ पन विद्युत परियोजना की साइट में वर्कर यूनियन ने सीटू के बैनर तले कंपनी प्रबंधन के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान कंपनी प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। प्रदर्शन के दौरान कंपनी को चेतावनी दी गई कि परियोजना में काम करने वाले मजदूरों को ईपीएफ न देने पर कंपनी का कार्य बंद करवा दिया जाएगा।
सीटू की जिला महासचिव सुदेश ठाकुर ने बताया कि परियोजना में काम करने वाले 300 मजदूरों को कंपनी की तरफ से एक साल से ईपीएफ का भुगतान नहीं किया गया है जबकि नियमों के मुताबिक इन कर्मचारियों का ईपीएफ काटना जरूरी था। इसको लेकर उन्होंने वर्कर यूनियन के साथ वीरवार को बैठक की। इसमें विस्तार से इस मुद्दे पर चर्चा की गई। इसके बाद कंपनी प्रबंधन को मांग पत्र सौंपा गया। इसमें कंपनी प्रबंधन को अवगत करवाया गया है कि मजूदरों के साथ किए जो रहे शोषण को किसी प्रकार से बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
सीटू जिला महासचिव ने बताया कि परियोजना में ठेकेदारों के तहत काम करने वाले मजूदरों को ईपीएफ भुगतान, वेतन स्लिप सहित अन्य सहुलियतें नहीं दी जा रही हैं। इसको लेकर वर्कर यूनियन लंबे समय से मांग भी कर रही है। इसकी वजह से मजदूरों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। ठेकेदार आए दिन परियोजना में मनमानी करके मजदूरों को काम से निकालने और मनमर्जी से वेतन अदायगी कर रहे हैं। कहा कि कंपनी आगामी दिनों में कर्मचारियों की छंटनी करने जा रही है। यदि कंपनी ने कर्मचारियों को आर्थिक लंबित भुगतान किए बिना काम से निकाला तो इसके खिलाफ प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने कंपनी को चेताया है कि कर्मचारियों के साथ बरती जा रही अनियमितताओं को जल्द बंद करे।