अमर उजाला ब्यूरो
चुवाड़ी (चंबा)। विकास खंड भटियात के तहत ग्राम पंचायत काहरी में भू-संरक्षण कार्यों में हुए गड़बड़झाले की जांच अब विजिलेंस करेगी। इस बारे में जिला प्रशासन की ओर से विकास खंड अधिकारी भटियात को पत्र जारी कर दिया है। इसमें मामले की जांच विजिलेंस से करवाने के आदेश जारी किए गए हैं। इस बारे में पत्र विकास खंड कार्यालय भटियात पहुंच चुका है। बहरहाल अब मामले की उच्च स्तरीय जांच प्रशासन करवाना चाहता है। ताकि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा सके। गौरतलब है कि काहरी पंचायत के तहत आते वार्ड दुमेला और काहरी में लाखों रुपये भू-संरक्षण के कार्यों के लिए स्वीकृत हुए थे। ऐसे में कुछ ग्रामीणों ने समिति का गठन किया। मगर इस बारे में क्षेत्र के अन्य लोगों को जानकारी ही नहीं थी। हैरानी इस बात की है कि समिति ने मृत लोगों को भी इसमें शामिल कर लिया और उनके नाम से पैसे भी निकलवा लिए। जब अन्य ग्रामीणों को इसकी सूचना मिली तो उन्होंने सूचना के अधिकार के तहत जानकारी ली। इसमें भू-संरक्षण कार्यों में हुए घोटाले का पर्दाफाश हुआ। भू-संरक्षण के कार्यों के लिए बजट को जारी हुआ। मगर गठित समिति ने इसका दुरुपयोग किया और धरातल में बजट से कोई काम नहीं किया। इस मामले को लेकर अमर उजाला ने कई खबरें प्रकाशित की थी। खबर का असर यह रहा कि प्रशासन ने इस मामले को लेकर जांच के आदेश दिए। विकास खंड अधिकारी को जांच का जिम्मा सौंपा गया। साथ ही विजिलेंस जांच करवाने के भी आदेश जारी कर दिए गए हैं। लिहाजा अब काहरी पंचायत में भू-संरक्षण कार्यों के नाम पर हुए घोटाले की जांच विजिलेंस करेगी। विकास खंड अधिकारी भटियात डॉ. बशीर खान ने खबर की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि काहरी पंचायत में पाई गई अनियमितताओं को लेकर जांच की जा रही है। साथ ही अब विजिलेंस भी मामले की जांच करेगी।