भरमौर (चंबा)। जिले में दिवाली की रात भरमौर और तीसा में दो रिहायशी मकान जलकर राख हो गए। इन अग्निकांडों में लाखों की संपत्ति राख हो गई तो वहीं कई परिवार बेघर हो गए। पहला मामला चौरासी परिसर के साथ लगते साहणु मोहल्ले का है। यहां संजय कुमार के पुश्तैनी मकान में अचानक आग लग गई।
कुछ ही देर में आग ने भयंकर रूप धारण कर लिया। इसकी वजह से तीन मंजिला मकान जलकर राख हो गया। मकान में लगी आग को देख मोहल्लावासी दीवाली की खुशियां छोड़ आग बुझाने में लग गए। आग इतनी भयावह थी कि वह मोहल्ले के बाकि घरों को भी तबाह कर सकती थी। मगर ग्रामीणों और दमकल विभाग के कर्मचारियों के भरसक प्रयासों की वजह से आग पर काबू पाया गया। इसकी वजह से पूरा मोहल्ला जलने बच गया। आग लगने के कारणों का अभी तक कुछ पता नहीं चल पाया। लोग कयास लगा रहे हैं कि शायद दीवाली के पटाखे की चिंगारी से भी आग लग सकती है।
जानकारी के अनुसार बुधवार शाम को संजय कुमार उर्फ पवन कुमार पुत्र मेहर चंद के मकान में अचानक आग भड़क गई। उनका पुश्तैनी मकान है, इसके कुल 18 हिस्सेदार हैं। तीन मंजिला मकान की ऊपरी मंजिल पर संजय कुमार उर्फ पवन कुमार का परिवार रहता था। जबकि अन्य हिस्सेदारों ने अपना सामान मकान में रखा था। जो आग में जलकर राख हो गया। गनीमत रही कि घटना में कोई जानी नुकसान नहीं हुआ है। आग लगने की सूचना मिलते ही खड़ामुख से अग्निशमन के दो दमकल वाहन मौके पर पहुंचे। तब तक ग्रामीणों ने काफी हद तक आग पर काबू पा लिया था।
अगर आग देर रात को भड़की होती तो इसमें शायद पूरा मोहल्ला स्वाह हो सकता था। लोगों ने बाल्टियों और अन्य बर्तनों से पानी-पानी भर-भर कर आग को बुझाया। आग की सूचना मिलते ही स्थानीय विधायक जिया लाल कपूर, एडीएम पृथी पाल सिंह, थाना प्रभारी नितन चौहान भी मौके पर पहुंचे। परिवार को दिवाली की रात कभी न भूलने वाला जख्म दे गया है।
एडीएम भरमौर पृथी पाल सिंह ने बताया कि प्रशासन की तरफ से प्रभावित परिवार को हर संभव सहायता दी जाएगी। नुकसान की रिपोर्ट तैयार की जाएगी। इसके आधार पर सहायता राशि आवंटित की जाएगी।