चंबा। चंडीगढ़, पठानकोट और जालंधर की मंडियों में जिले में निर्यात होने वाले टमाटर के अच्छे दाम मिल रहे हैं। बाहरी मंडियों में जिले का टमाटर 35 से 40 रुपये किलोग्राम बिक रहा है।
जिले से अब तक बाहरी मंडियों में 2910 क्विंटल टमाटर की खेप भेजी गई है। तीसा, सलूणी और कल्हेल के क्षेत्र के तहत गांवों से रोजाना गाड़ियों में टमाटर पैक कर मंडियों में बेचने के लिए भेजा जा रहा है। बहरहाल, वर्तमान में टमाटर के चोखे दाम मिलने से किसानों के चेहरों पर रौनक देखी जा सकती है।
जिले के तीसा, सलूणी, कल्हेल और साहो परिक्षेत्र के अधीन आने वाले क्षेत्रों से बाहरी मंडियों में किसान टमाटर की फसल भेज रहे हैं। जिला मार्केटिंग कमेटी से प्राप्त आंकड़ों के मुताबिक अब तक 2910 क्विंटल टमाटर की खेप बाहरी मंडियों में बिकने के लिए जा चुकी है। जिले की सब्जी मंडी समेत घर-द्वार भी छोटे कृषक टमाटर की फसल बेच कर मुनाफा कमा रहे हैं। किसानों में कपिल शर्मा, राकेश कुमार, प्रमोद कुमार, किशन चंद, दलीप कुमार, हरिया राम, प्रकाश चंद, निधिया राम और लोकेंद्र राज ने बताया कि टमाटर की फसल के जिला मुख्यालय के बजाय बाहरी मंडियों में अच्छे दाम मिल रहे हैं। हालांकि, सोलन के टमाटर की धमक से मंडियों में टमाटर का रेट जरूर टूटा है, लेकिन अभी भी किसानों को अत्यधिक तो नहीं पर टमाटर के अच्छे दाम मिल रहे हैं।
जिला मार्केटिंग कमेटी के सचिव भानू प्रताप सिंह ने बताया कि जिले से अब तक बाहरी मंडियों जैसे जालंधर, चंडीगढ़ और पठानकोट में 2915 क्विंटल टमाटर बिकने के लिए जा चुका है। बताया कि बाहरी मंडियों में भी किसानों को 35 से 40 किलोग्राम के हिसाब से टमाटर के दाम मिल रहे हैं।
कृषि उपनिदेशक डॉ. कुलदीप धीमान ने बताया कि टमाटर की फसल बिकने के लिए तैयार हो चुकी है। कई जगह से टमाटर मंडियों के लिए भेजा गया है। किसानों को मेहनत के अनुरूप फसल के अच्छे दाम मिलना काफी अच्छा है।