चंबा। भले ही सरकार ने नौनिहालों का आधार पक्का करने के लिए जिला में आंगनबाड़ी केंद्र खोले हैं, मगर इनमें स्टाफ की कमी हो गई है। इसके चलते नौनिहालों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
इन केंद्रों में आंगनबाड़ी वर्करों के साथ सहायिकाओं के पद भी काफी समय से खाली हैं। विभाग भी इस बारे में जानकारी होने की बात तो कर रहा है।, लेकिन नियुक्तियां करने को लेकर प्रयास नहीं किए जा रहे हैं। हाल ही में आयोजित बैठक में जिला प्रशासन ने आंगनबाड़ी केंद्रों में रिक्तियों को ब्योरा मांगा था। इसके आधार पर अब प्रशासन ने संबंधित विभाग को जल्द रिक्त चल रहे आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं सहित सहायिकाओं के पद भरने के लिए उचित कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। जानकारी के अनुसार जिला चंबा में 1495 आंगनबाड़ी केंद्र हैं। इनमें हजारों बच्चे अपना आधार पक्का करने के लिए पहुंच रहे हैं। जिले के 33 आंगनबाड़ी केंद्रों में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के पद खाली हैं। दूसरी तरफ, सहायिकाओं के 72 पद रिक्त चल रहे हैं। ऐसे में आंगनबाड़ी केंद्रों में व्यवस्था प्रभावित हो रही है। साथ ही पोषण से संबंधित जागरूकता कार्यक्रम भी नहीं हो पा रहे हैं।
उधर, महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी राकेश कुमार का कहना है कि इस बारे में जल्द ही उपमंडलीय प्रशासन से अनुमति ली जाएगी और काउंसलिंग का शेड्यूल बनाया जाएगा।