बरठीं(बिलासपुर)। विकासखंड झंडूता के तहत पंचायत बरठीं के गांव टिहरी के 62 बटालियन सीआरपीएफ के जवान दीपक कुमार का बीमारी के कारण निधन हो गया। सीआरपीएफ के जवानों ने कैंडिया श्मशानघाट पर उन्हें नम आंखों से अंतिम विदाई दी गई। सैन्य टुकड़ी ने सलामी के बाद तिरंगे को दीपक के पिता रतन लाल को सौंप कर ढांढस बंधाया।
दीपक के निधन पर पूर्व सैनिक कल्याण समिति व ग्रामीणों ने गहरा दुख व्यक्त किया है। सीआरपीएफ पिंजौर की बटालियन के इंस्पेक्टर श्याम लाल शर्मा ने बताया कि दीपक कुमार 62 बटालियन सीआरपीएफ अंबिकापुर छत्तीसगढ़ में तैनात थे। दीपक 2001 में सीआरपीएफ में भर्ती हुए थे। उसके बाद लगातार वह देश के लिए अपनी सेवाएं देते आ रहे थे।
पांच माह पहले कोविड की एहतियातन डोज लगवाने के बाद उनके लंग्स ने काम करना बंद कर दिया। इनका इलाज आईटीबीपी अस्पताल चंडीगढ़ में इलाज चल रहा था। शुक्रवार रात को दीपक ने अपने पैतृक स्थान टिहरी में अंतिम सांस ली। दीपक कुमार अपने पीछे पत्नी, एक 13 साल का बेटा और 14 साल की बेटी छोड़ गए हैं। उनके निधन से क्षेत्र के लोगों को धक्का लगा है। उन्होंने बताया कि दीपक कुमार ने छत्तीसगढ़ में नक्सलियों के साथ कई बार मुठभेड़ में अदम्य साहस दिखाया था।
इस मौके पर सैन्य टुकड़ी के साथ एएसआई श्याम लाल शर्मा, दिलीप सिंह, हरदेव सिंह, नरदेव जम्वाल, एसएचओ साक्षी, एएसआई प्रदीप कुमार, पंचायत के प्रधान कुलदीप, राजकुमार, सुरेश महाजन धीमान, विशाल कुमार, प्रेम लाल नड्डा, आशीष कुमार व संजय कुमार सहित सैकड़ों लोगों ने नम आंखों से दीपक कुमार को अंतिम विदाई दी।