भगेड़ (बिलासपुर)। स्वास्थ्य खंड घुमारवीं के अंतर्गत राजकीय माध्यमिक पाठशाला नाल्टी में किशोर स्वास्थ्य एवं भलाई दिवस के उपलक्ष्य पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बच्चों की भाषण प्रतियोगिता भी करवाई गई।
भाषण प्रतियोगिता में वनिष्का पहले, रचना देवी दूसरे और आंचल कुमारी तीसरे स्थान पर रही। स्वास्थ्य विभाग की ओर से विजेता बच्चों को सम्मानित किया गया। स्वास्थ्य शिक्षक सुरेश चंदेल ने कहा कि किशोरावस्था संवेदनशील अवस्था होती है। इसमें बच्चा अच्छे की तरफ भी जाता है और बुरे की तरफ भी। जो बच्चा अच्छी संगत करता है वह उच्च स्थान पर पहुंच जाता है और जो बुरी संगत करता है वह नशेड़ी या अपराधी भी बन जाता है। आज युवा बुरी संगत में जाकर नशे का शिकार हो रहे हैं। 80 प्रतिशत से ज्यादा युवा किसी न किसी प्रकार के नशे के चपेट में आ गए हैं। नशा करने वाले व्यक्तियों को ज्यादातर मुंह का कैंसर, फेफड़ों का कैंसर, लिवर का कैंसर और हृदय रोग अधिक मात्रा में होता है। उन्होंने बच्चों को संतुलित आहार लेने की सलाह दी। किशोरावस्था में शारीरिक और मानसिक विकास तेजी से होने पर युवाओं को संतुलित आहार की जरूरत होती है। ताकि शारीरिक रूप से स्वस्थ रहे। किशोरावस्था में आवश्यकता से कम पोषण लेने के कारण बच्चे में कुपोषण, कम वजन और खून की कमी अधिक मात्रा में पाई जा रही है। कार्यक्रम के जिला समन्वयक संतोष गौतम ने बच्चों को नशे से दूर रहने और नशे के दुष्प्रभावों के बारे में अन्य लोगों को भी जागरूक करने की सलाह दी। इस अवसर पर सांसद मोबाइल टीम के डॉ. दिवेश संख्यान के नेतृत्व में 240 बच्चों के खून की जांच की गई। 11 बच्चों में खून की मात्रा कम पाई गई। बच्चों को स्कूल में आयरन की गोलियां सप्ताह में एक दिन खाने की सलाह दी गई, ताकि शरीर मे खून की कमी न हो। बच्चों के वजन और लंबाई की भी जांच की गईं। इस मौके पर प्रधानाचार्य शशि शर्मा, महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता किरण ठाकुर, सीएचओ किशमा देवी, आशीष कुमार, कुसुम कुमारी आदि मौजूद रही।