शाहतलाई(बिलासपुर)। झंडूता विस क्षेत्र में रात के अंधेरे में सड़क निकालने वालों पर वन विभाग ने शिकंजा कसा है। इसी कड़ी में विभाग ने अवैध रूप से निर्माण कार्य में लगी जेसीबी को कब्जे में लिया है। इसके बाद 92 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया गया है।
उल्लेखनीय है कि झंडूता विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली पिछड़ा क्षेत्र कोटधार की ग्राम पंचायत पपलाह के गांव गाह-गड़याणा के लिए रात के अंधेरे में एक जेसीबी अवैध रूप से जंगल में संपर्क सड़क बनाने के लिए लगाई गई थी। इसके लिए वन विभाग से कोई अनुमति नहीं ली गई थी, वह भी लोकसभा के चुनावों के दौरान लगी आचारसंहिता में राजनीतिक लाभ लेने के लिए लगाई गई थी जिस पर किसी ने इस बारे में चुनाव अयोग को शिकायत दी थी।
चुनाव अयोग को शिकायत मिलते ही तत्काल मौके पर जाकर जायजा लिया लेकिन वन विभाग को जैसे ही इसकी भनक लगी वन विभाग के अधिकारियों ने आननफानन में जेसीबी को अपने कब्जे में लेकर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी।
हालांकि वन विभाग ने बाद में जेसीबी मशीन को जुर्माना डालकर रिलीज कर दिया। चुनाव अयोग के हरकत में आने पर अवैध रूप से निकाली जा रही संपर्क सड़क का निर्माण कार्य वन विभाग ने रोक दिया है। भारत निर्वाचन अयोग द्वारा पूरे देश में आचार संहिता लागू हुई है लेकिन अति दुर्गम पिछड़ा क्षेत्र में चुनावों के ठीक तीन दिन पहले चोरी छिपे रात के अंधेरे में जेसीबी मशीनों को लगा कर सड़कों का निर्माण करवाया जा रहा है।
उधर, ग्राम पंचायत धनी के गांव खरली के लिए भी संपर्क सड़क का कार्य रात के अंधेरे में चला रखा है जिसे चुनाव अयोग की हरकत में आने पर वन विभाग ने मौके पर जाकर कार्रवाई कर के बंद करवा दिया।
उधर जब इस बारे में कलोल वन परिक्षेत्र अधिकारी जगमोहन से संपर्क साधा तो उन्होंने बताया कि गाह-गड़याण के लिए रात के अंधेरे में अवैध रूप से बनाई जा रही संपर्क सड़क के निर्माण में लगी जेसीबी मशीन को विभाग ने कब्जे में लेकर कार्रवाई की है। विभाग ने 92 हजार रुपये जुर्माने के तौर पर वसूल कर लिए हैं तथा दोनों सड़कों का निर्माण कार्य बंद करवा दिया गया है।