बिलासपुर के मारकंड में बैसाखी मेले के अवसर पर स्नान करने के लिए कतारों में लगे लोग। संवाद
जुखाला(बिलासपुर)। उत्तरी भारत के प्रसिद्ध तीर्थस्थल महर्षि मार्कंडेय मंदिर जुखाला में हर वर्ष की तरह मनाए जाने वाले तीन दिवसीय बैसाखी मेला इस वर्ष भी 13 से 15 अप्रैल तक मनाया जा रहा है।
एसडीएम बिलासपुर अभिषेक कुमार गर्ग ने बताया कि इस पर्व में स्नान का विशेष महत्व है। मेले के दूसरे दिन प्रदेश सहित बाहरी राज्यों से आए करीब 10,000 श्रद्धालुओं ने स्नान किया। श्रद्धालुओं के स्नान सुविधा के लिए उचित प्रबंध किए गए हैं। महिलाओं के स्नानघर के बाहर दो महिला पुलिस कर्मी तथा पुरुषों के स्नानघर के बाहर दो पुरुष पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। ताकि कोई अप्रिय घटना न घटित हो। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए भी पुलिसकर्मी की तैनाती की गई है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मुख्य सड़क से मंदिर के लिए दो बसों का प्रबंध किया गया है। वाहनों की पार्किंग के लिए डाइट जुखाला के प्रांगण में प्रावधान किया गया है। इस बार स्वास्थ्य विभाग द्वारा लोगों के उपचार हेतु स्वास्थ्य जांच शिविर लगाया गया है साथ ही मुफ्त दवाइयां दी जा रही है। इस मेले के दौरान मार्कंडेय में कारोबार करने वाले स्थानीय, बाहरी राज्यों के लोगों को रोजगार का अच्छा अवसर मिला है। इस वर्ष 80 दुकानें आवंटित की गई है इसके माध्यम से दुकानदारों को अच्छी कमाई हो रही।
एक दुकान स्वयं सहायता समूह को प्रशासन द्वारा मुफ्त दी गई है। इसमें महिलाएं अपने घरेलू उत्पाद प्रदर्शनी लगाकर बेच रही हैं, जो कि एक बेहतर कमाई में मददगार साबित होगा। लोगों का देशी वस्तुओं के प्रति आकर्षण बढ़ेगा। इससे स्थानीय लोगों का घरेलू तथा पारंपरिक वस्तुएं बनाने का मनोबल बढ़ेगा। 15 अप्रैल को कुश्ती प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। महर्षि मार्कंडेय की सजावट दूर-दूर से आए श्रद्धालुओं का मन मोह रही है। स्थानीय लोगों द्वारा श्रद्धालुओं के लिए लंगर भी लगाए जा रहे हैं।