डीसी डॉ. एसएस फूलिया ने छछरौली स्थित बालकुंज का औचक निरीक्षण किया। वहां डीसी ने पौधारोपण भी किया। उन्होंने बच्चों को दी जा रही सुविधाओं पर संतोष व्यक्त किया।
डीसी ने बताया कि समाज से उपेक्षित बच्चे, अनाथ, हालात के शिकार बच्चे, जिनमें घर से भागे बच्चे तथा पुलिस द्वारा विभिन्न ढाबों, होटलो, उद्योगों से पकड़े बाल श्रम के बच्चों आपत्तिजनक स्थिति में काम करते हैं, उनको इन सभी को यहां रखा जाता है इन बच्चों को किशोर अधिनियम के तहत तथा समेकित बाल संरक्षण स्कीम के तहत सुविधाएं मुहैया कराई जाती हैं।
जिलास्तर पर इन गृहों में बच्चों को दी जा रही सुविधाओं के आंकलन के लिए जिला बाल संरक्षण समितियों का गठन किया गया है। उन्होंने बालकुंज के अधीक्षक को बच्चों के लिए सुविधाओं को मुहैया कराने के लिए सूची तैयार कर तथा कुछ कार्यों के एस्टीमेट तैयार कर उनके सम्मुख प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।