जिले से सटे हिमाचल और उत्तराखंड के पहाड़ों में हो रही बर्फबारी से क्षेत्र में पिछले चार दिन से पड़ रही कड़ाके की सर्दी ने 40 साल का रिकार्ड तोड़ दिया है। शीतलहर के कारण वीरवार को अधिकतम तापमान चार डिग्री तक नीचे गिरकर 14 डिग्री रह गया। चंडीगढ़ मौसम केन्द्र के अनुसार अगले दो दिनों में शीतलहर और कोल्ड डे कंडीशन बने रहने और कहीं कहीं घने कोहरे की संभावना है। जिससे हालात और खराब हो सकते हैं। कड़ी सर्दी ने टिवनसिटी में आम जनजीवन अस्तव्यस्त कर दिया। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक साल 1973 के बाद अधिकतम तापमान में इतनी गिरावट आयी है। आने वाले दिनों में कोहरा या धुंध का भी लोगों को सामना करना पड़ेगा।
राहगीर ऊनी कपड़े या जैकेट आदि पहन कर निकले। बच्चों को शॉल आदि से ढंक कर महिलाएं बाहर निकलीं। शीत लहर के चलते मूंगफली व चाय आदि की दुकानों पर लोग दिखे। कई स्थानों पर दुकानदार अलाव जलाकर ठंड से राहत पाने की जुगत करते नजर आए। शाम होते ही तेज हवाओं की वजह से गलन से ठिठुरन बढ़ गई। लोग घरों में कैद हो गए तो सड़कों पर सन्नाटा रहा। घरों में भी सर्दी से राहत के लिए लोगों ने ब्लोअर चलाए। जबकि कई घरों में बुजुर्गों व महिलाओं ने अलाव का सहारा लिया।
वहीं 8 किमी. प्रति घंटे की रफ्तार से उत्तर पश्चिमी हवाएं चली । हवा में 2 किमी. की कमी होने के बाद भी शीत लहर से लोग परेशान रहे। वाहनों के इंतजार में बस स्टैंड और बाइपास चौराहे के पास खड़े राहगीर ठिठुरते दिखे। शाम होने पर कोहरा गिरने से दृश्यता कम हो गई। दिन का न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग ने आसमान में हल्के व मध्यम बादल छाए रहने की संभावना जताई है।
मौसम विभाग के अनुसार 19 दिसंबर एक दशक में इस साल सबसे ठंडा वीरवार रहा। वर्ष के आंकड़ों के अनुसार सबसे ठंडा रहा। वर्ष 2000 में अधिकतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहा था। न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस रहा था। 2011 में अधिकतम 14.6 व न्यूनतम 8.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा था। 2014 में अधिकतम 20.6 व न्यूनतम 7.4 डिग्री सेल्सियस रहा। जबकि वर्ष 2018 में अधिकतम 24 डिग्री सेल्सियस व न्यूनतम 6.3 डिग्री सेल्सियस रहा था।
सिविल अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. विजय दहिया का कहना है कि टिवनसिटी में हाडकंपाने वाली सर्दी का कहर बदस्तूर जारी रहा । इससे आम जनजीवन प्रभावित रहा और अस्पतालों में मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से एडवाइजरी जारी की गई है कि वे सावधानी बरतें, खासतौर पर हार्ट पेशंट ज्यादा ठंड में बाहर ना निकले। छोटे बच्चों को भी ढंक रखें। इसके अलावा खानपान पर भी ध्यान रखें।