संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। सरकार के आदेशों के बाद जिले में मंगलवार से गेहूं की सरकारी खरीद शुरू हो गई। परंतु पहले दिन किसी भी मंडी में गेहूं नहीं पहुंची। जिस कारण मंडियों में सन्नाटा पसरा रहा। मंडियों को देख कर लग ही नहीं रहा है कि खरीद शुरू हो चुकी है। जिले की 13 अनाज मंडियों में गेहूं की खरीद की जानी है।
माना जा रहा है कि दूसरे सप्ताह में ही मंडियों में गेहूं की आवक हो सकती है। इस बार खाद्य एवं आपूर्ति विभाग, हैफेड व हरियाणा वेयरहाउस कॉर्पोरेशन की तरफ से गेहूं खरीदी जाएगी। वेयरहाउस कॉर्पोरेशन केवल बिलासपुर, छछरौली व रादौर मंडी में ही खरीद करेगा। इस बार यमुनानगर में गेहूं का कुल रकबा 90 हजार हेक्टेयर है।
वहीं इस बार मौसम गेहूं के लिए काफी अनुकूल रहा। जिससे गेहूं की बंपर पैदावार होने का अनुमान लगाया जा रहा है। हालांकि मार्च के महीने में तापमान में हुई बढ़ोतरी से एक बार तो किसानों की परेशानी बढ़ गई थी, क्योंकि तापमान 30 डिग्री से ऊपर पहुंच गया था। जिससे गेहूं का दाना पिचकने का खतरा बढ़ गया था।
परंतु पहाड़ों में हुई बर्फबारी व ठंडी हवाएं चलने से गेहूं की फसल को काफी फायदा हुआ।
वहीं कई मंडियों में अभी तैयारियां की जा रही हैं। जगाधरी अनाज मंडी में सीवरेज की सफाई कार्य अब शुरू किया गया है। मंडी की सड़कों पर सीवरेज से निकाला गया मलबा पड़ा हुआ है। कुछ जगह से मलबा उठाकर मंडी में ही डाल दिया गया है। जगाधरी और छछरौली की अनाज मंडी में शौचालयों पर ताला लटका हुआ है।