संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। मौसम ने रविवार को अचानक करवट ले ली। सुबह से ही बादल छा गए। मौसम में परिवर्तन आने से किसानों की चिंता भी बढ़ गई। क्योंकि अभी खेतों में धान की फसल खड़ी है। हालांकि मौसम विभाग के अनुसार अभी बारिश के आसार बिल्कुल भी नहीं हैं। फिर भी बारिश होती है तो धान की फसल को नुकसान होगा।
वहीं मंडियों में भी खुले में रखी धान की बोरियां पानी से भीगने का खतरा है। इससे किसानों को नुकसान उठाना पड़ेगा। उधर दोपहर बाद लोगों को अचानक गर्मी व बेचैनी महसूस होने लगी। ऐसा लग रहा था जैसे प्रदूषण का स्तर बढ़ गया हो। परंतु ऐसा नहीं था। एक्यूआई का स्तर भी 169 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर था।
रविवार को जिले का अधिकतम तापमान 30 डिग्री व न्यूनतम 20 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिन के समय भी लोगों तेज धूप का सामना करना पड़ा। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार दिवाली के दो दिन बाद तक ऐसा ही मौसम रहेगा। क्योंकि लोग अभी से आतिशबाजी करने लगे हैं।
दिवाली के दिन तो बहुत ज्यादा आतिशबाजी होती है जिससे हवा में प्रदूषण का स्तर काफी बढ़ जाता है। इस माह में एक भी दिन बारिश नहीं हुई है। जिससे पेड़ों के पत्तों पर धूल की परत जम गई है। इससे पेड़ पूरी तरह से ऑक्सीजन नहीं बना पा रहे। इस पर जिला प्रशासन दमकल गाड़ियों के माध्यम से शहर में पेड़ों के पत्तों पर पानी का छिड़काव करवा रहा है।