संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर/ जगाधरी। जिले में रातभर हुई बारिश ने फसलों को काफी नुकसान पहुंचाया। बारिश व तेज हवा के कारण खेतों में गेहूं व सरसों का काफी नुकसान पहुंचा है। वहीं सब्जी की फसलों को नुकसान की आशंका है। जिले में शनिवार रात से रविवार सुबह आठ बजे तक औसतन 30 एमएम बारिश दर्ज की गई। इस दौरान 32 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से हवा चली।
बारिश के साथ चली हवा ने किसानों के आंसू निकलवा दिए। बारिश व हवा से सैकड़ों एकड़ फसल खेतों में बिछ गई। सबसे ज्यादा नुकसान गेहूं को हुआ है। कृषि विभाग बारिश से नुकसान का अनुमान लगाने में जुटा है। इसके लिए 40 कर्मचारियों की टीम लगाई है। रविवार को भी बारिश जारी रहने से इसका अनुमान लगाने में दिक्कत हुई।
इस दौरान जिले में करीब 25 हजार एकड़ में गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका है। वहीं बारिश के चलते गोबिंदपुर रोड पर सड़क एक तरफ धंस गई। जबकि मॉडल टाउन, ताऊ देवी लाल कॉम्पलेक्स, जगाधरी रोड पर पेड़ की टहनियां टूट गईं। वहीं दूसरी तरफ बारिश से मौसम पूरी तरह पलट गया।
बारिश से ठंड बढ़ गई और सुबह शाम ठिठुरन रही। रविवार को दिनभर रुक रुक कर बारिश जारी रही। हालांकि दोपहर करीब 12 बजे हल्की धूप निकली, लेकिन यह मौसम करीब 15 मिनट रहा। इसके बाद फिर घने बादल छा गए और बारिश होने लगे। रातभर से जारी बारिश व तेज हवा से शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों की बत्ती कई घंटे गुल रही।
भारी के कारण शहर की निचली कॉलोनियों, गलियों व सड़कों पानी भर गया। बारिश से तापमान में गिरावट आने से ठंड बढ़ गई। इस दौरान अधिकतम तापमान 19.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं न्यूनतम तापमान 8.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं दिनभर 14 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से हवा चली। मौसम में 85 प्रतिशत नमी रही। नमी होने से सुबह व रात को ठिठुरन का असर रहा।
मौसम विभाग ने सोमवार को बादल छाने व गरज के साथ छींटें पड़ने की संभावना जताई है। मौसम विभाग ने इस सप्ताह मौसम में उतार चढ़ाव का पूर्वानुमान जताया है। सोमवार व मंगलवार को बादल छाए रहने की संभावना है। वहीं कृषि विभाग ने मौसम को लेकर किसानों को अलर्ट किया है।
कृषि विभाग के जिला उपनिदेशक डॉ. आत्माराम गोदारा ने बताया कि बारिश के साथ आंधी भी चली है। इसका गेहूं, सरसों इत्यादि फसल को नुकसान है। जिले में कई स्थानों पर फसल बिछने का समाचार है। इसके लिए कर्मचारियों की टीम फील्ड में उतारी गई है। सभी खंड अधिकारियों से उनके क्षेत्र की रिपोर्ट मांगी गई है। लगातार बारिश होने से पैमाइश में दिक्कत रही। जल्द ही इसकी गिरदावरी करवाई जाएगी।
वहीं दूसरी तरफ भारतीय किसान यूनियन चढूनी के जिलाध्यक्ष संजू गुंदियाना ने कहा कि किसानों को कुदरत के साथ सरकार की भी मार पड़ रही है। इस साल मौसम के कारण उनकी धान व गेहूं की फसल काफी खराब हुई है। उसका भी मुआवजा किसानों को नहीं मिल पाया है। वहीं अब फिर किसानों को नुकसान हुआ है। सरकार इसका जल्द आकलन कर किसानों को मुआवजा देकर राहत पहुंचाए।
बारिश से गेहूं के खेतों में भरा पानी
छछरौली। बारिश व तेज हवा से क्षेत्र में गेहूं की फसल गिरी गई है। किसान कर्मबीर संजीव अकरम विनोद सुनील महिपाल का कहना है कि फसल एक महीने बाद पक कर तैयार होने वाली थी। इस क्षेत्र के लगभग दो दर्जन से ज्यादा गांवों में सेम की समस्या है। जिन खेतों में सेम की समस्या है वहां पर पहले ही गेहूं की फसल में पीलापन आ रहा है। बारिश से गेहूं के खेतों में पानी भर गया और ज्यादातर गेहूं जमीन पर बिछ गई है। इससे गेहूं में दाना नहीं बन पाएगा। किसानों ने गिरदावरी कराकर मुआवजा दिए जाने की मांग उठाई है। संवाद