प्रतापनगर। हथिनीकुंड बैराज पर सोमवार को जलस्तर में कमी दर्ज की गई। बैराज कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार शाम छह बजे बैराज पर कुल 1910 क्यूसेक पानी दर्ज किया गया।
इसमें से 352 क्यूसेक पानी यमुना नदी में छोड़ा गया, जबकि 1451 क्यूसेक पानी पश्चिमी यमुना नहर में और 107 क्यूसेक पानी उत्तर प्रदेश की ओर प्रवाहित किया गया। ये जानकारी बैराज कार्यालय के गेज रीडर मनीष कुमार ने दी।
उन्होंने कि सुबह छह बजे बैराज पर 2332 क्यूसेक पानी दर्ज किया गया था। इसके बाद सुबह आठ बजे 2192 क्यूसेक और नौ बजे पानी की मात्रा बढ़कर 3440 क्यूसेक हो गई। दोपहर 12 बजे जलस्तर 5052 क्यूसेक तक पहुंच गया, लेकिन इसके बाद फिर गिरावट दर्ज की गई। दोपहर एक बजे 2918 क्यूसेक, दो बजे 2258 क्यूसेक, तीन बजे 2126 क्यूसेक और शाम चार बजे 1997 क्यूसेक पानी दर्ज किया गया। इसके बाद शाम छह बजे जलस्तर घटकर 1910 क्यूसेक रह गया। बताया जा रहा है कि पहाड़ी क्षेत्रों में इन दिनों बारिश कम होने के कारण बैराज पर पानी की आवक लगातार घट रही है। जलस्तर में आई कमी का असर क्षेत्र की सिंचाई व्यवस्था पर भी पड़ सकता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पहाड़ों से पिघलने वाली बर्फ का पर्याप्त पानी बैराज तक नहीं पहुंचा तो आने वाले समय में जल संकट गहरा सकता है। इससे यमुना किनारे बसे गांवों और किसानों को सिंचाई के लिए पानी की कमी का सामना करना पड़ सकता है।