संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। नवरात्र के अंतिम दिन जिलेभर में मां महागौरी और सिद्धिदात्री की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। सुबह से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी, जहां भक्तों ने माता रानी के दर्शन कर अपने परिवार की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। पूरे दिन धार्मिक माहौल बना रहा और मंदिर परिसर मां के जयकारों से गूंजते रहे।
श्रद्धालुओं ने व्रत का समापन करते हुए देवी मां की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित किए और नारियल, फल व फूल अर्पित किए। कई स्थानों पर हवन और कन्या पूजन के आयोजन भी किए गए, जिसमें लोगों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। पुजारियों द्वारा बताए गए विधि-विधान के अनुसार पूजा कर भक्तों ने मां का आशीर्वाद प्राप्त किया।
जगाधरी को देवी भवन मंदिर में सुबह से ही लंबी कतारें देखने को मिलीं। श्रद्धालु अपनी बारी का इंतजार करते हुए मां के दर्शन के लिए खड़े रहे। जैसे ही उन्हें मौका मिला, उन्होंने माता की प्रतिमा के सामने माथा टेककर मन्नतें मांगीं। कई श्रद्धालुओं ने परिवार की खुशहाली, संतान सुख, स्वास्थ्य और सफलता के लिए विशेष प्रार्थना की।
मंदिरों में भजन-कीर्तन और धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन भी किया गया, जिससे वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना रहा। इसी तरह रेलवे स्टेशन पर स्थित श्री मूर्ति देवी मंदिर में भी माथा टेकने वालों की भीड़ लगी रही। गांव ऊंचा चंदना के श्री राधा कृष्ण मंदिर के पुजारी पुरुषोत्तम दास ने बताया कि नवरात्र के अंतिम दिन मां महागौरी और सिद्धिदात्री की पूजा की मान्यता है।
उन्होंने बताया कि धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इनकी आराधना से भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और जीवन में सुख-शांति का वास होता है। यही कारण रहा कि जिले भर में श्रद्धालुओं ने पूरी श्रद्धा और आस्था के साथ पूजा कर नवरात्र का विधिवत समापन किया।
देवी भवन मंदिर के बाहर सजी दुकानों से खरीदारी करते लोग। संवाद
देवी भवन मंदिर के बाहर सजी दुकानों से खरीदारी करते लोग। संवाद
देवी भवन मंदिर के बाहर सजी दुकानों से खरीदारी करते लोग। संवाद