संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। नवरात्र शुरू होते ही सब्जियों के भाव एकदम से कम हो गए हैं। वजह नवरात्र में सब्जी की मांग होने लगी है। इससे कीमतों में भी कमी आ गई है। पहले जिन सब्जियों के भाव अधिक थे, अब उनमें गिरावट आने से ग्राहकों को राहत मिली है।
मंडी में गोभी 15 से 20 रुपये, खीरा 10 से 15 रुपये और घीया छह से 10 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। वहीं बैंगन छह से आठ रुपये और कद्दू आठ से 10 रुपये प्रति किलो मिल रहा है। मंडी प्रधान अंग्रेज सिंह के अनुसार, नवरात्र के दौरान प्याज और लहसुन की खपत प्रभावित होने से अन्य सब्जियों की मांग पर भी असर पड़ा है।
उन्होंने बताया कि पहले मंडी में सब्जियों की आवक तेज थी और दाम स्थिर रहने के कारण ग्राहकों की भीड़ लगी रहती थी। नवरात्र से पहले कई लोगों ने जरूरत के अनुसार सब्जियां खरीदकर रख ली हैं। इसके अलावा व्रत रखने वाले परिवारों की खानपान संबंधी जरूरतों में बदलाव आने से भी बाजार प्रभावित हुआ है। आवक के मुकाबले मांग कम होने से कई सब्जियों के भाव नीचे आए हैं।
सब्जी मंडी में आलू की कीमत गुणवत्ता के अनुसार 250 रुपये से शुरू होकर पंजाब के डायमंड आलू के लिए 400 रुपये तक है। गोभी 15 से 20 रुपये, पहाड़ी शिमला मिर्च 25 से 30 रुपये, फ्रांसबीन 15 से 20 रुपये और टमाटर 15 से 25 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। प्याज के भाव 30 से 40 रुपये प्रति किलो हैं।
भिंडी और करेला 15 से 20 रुपये, मूली आठ से 10 रुपये तथा सरसों का साग और पालक आठ रुपये प्रति किलो बिक रहे हैं। हरी मिर्च 50 से 60 रुपये और मशरूम 70 से 80 रुपये प्रति किलो है। मटर के भाव 60 रुपये प्रति किलो तक हैं। अदरक थोक में 2000 से 3000 रुपये प्रति क्विंटल बिक रहा है।
विक्रेता बोले- दूसरे राज्यों से आती हैं
सब्जी विक्रेता राजकुमार और विकास कुमार के अनुसार आलू पंजाब, उत्तर प्रदेश और करनाल-कुरुक्षेत्र क्षेत्र से आता है। प्याज की आपूर्ति महाराष्ट्र के नासिक, मध्य प्रदेश और राजस्थान से होती है। टमाटर, मटर और शिमला मिर्च हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश से पहुंचते हैं। अदरक कर्नाटक, केरल और असम समेत अन्य क्षेत्रों से आता है। परवल की आवक उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल से होती है। पहले जो लोग दो से तीन किलो सब्जियां खरीदते थे, उनमें से कई अब आधा या एक किलो सब्जी ही खरीद रहे हैं।