यमुनानगर। गुरुवार की दोपहर में घंटाभर हुई बारिश से जहां एक ओर सड़कों के लबालब होने से वाहन चालकों को परेशानी हुई, वहीं दूसरी ओर धान की रोपाई में जुटे किसानों के चेहरे खिल उठे।
कृषि विशेषज्ञों की मानें तो कमजोर मानसून के चलते धान की रोपाई धीमी गति से चल रही थी, जिसमें बरसात से तेजी आने की उम्मीद है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले दो दिन आसमान में बादल छाए रहेंगे और कई जगहों पर बारिश होने के आसार हैं। बारिश से लोगों को अब गर्मी और धान उत्पादकों को राहत मिलने की उम्मीद है।
बता दें कि पिछले तीन दिनों से आसमान में बादलों के छाने के कारण बारिश के आसार बने रहे, लेकिन बारिश नहीं हुई। इस कारण लोगों को भारी उमस का सामना करना पड़ा।
गुरुवार की दोपहर करीब बारह बजे के बाद यमुनानगर व जगाधरी सहित सभी कस्बों में झमाझम बारिश शुरू हो गई, जो करीब एक घंटे तक जारी रही। इस बरसात से जहां लोगों ने उमसभरी गर्मी से राहत महसूस की वहीं, ट्विनसिटी में कई जगहाें पर सड़कें पानी से लबालब हो गईं। यमुनानगर में आजाद नगर, कैंप में लाजपत नगर, विजय कॉलोनी, शिवनगर, जगाधरी के टाउन हॉल के सामने जलभराव की स्थिति बन गई और शहर में कई सड़कों के किनारे पानी खड़ा हो गया। जिससे दिनभर वाहन चालकों सहित राहगीरों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा।
धान रोपाई की गति में आएगी तेजी
जिले में इस बार 69 हजार एकड़ में धान की रोपाई का काम चल रहा है। जिसमें से 40 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है, जबकि एक-दो जुलाई की बरसात के बाद बारिश न होने के कारण धान की रोपाई का काम धीमा हो गया था। किसान दो सप्ताह से इंद्रदेव को मनाने में जुटे थे और बीते तीन दिनों से आसमान में छाए बादलों पर टकटकी लगाए हुए थे। इसी बीच गुरुवार को बारिश होने से किसानों के चेहरे खिल उठे। किसान रामेश्वर, महेश, अरविंद्र ने बताया कि धान की फसल के लिए बहुत अधिक मात्रा में पानी की आवश्यकता होती है। ऐसे में रोपाई के समय ही झमाझम बरसात से धान उत्पादक किसानों में खुशी की लहर दौड़ गई है।