नशीला पदार्थ तस्करी करने के दोषी चार लोगों को कोर्ट ने तीन-तीन साल कैद और 10-10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। यह फैसला अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायधीश रजनीश बंसल की कोर्ट ने सुनाया है।
25 सितंबर 2012 को एएसआई तरसेम पुलिस बल के साथ कस्बा क्षेत्र में गश्त कर रहा थी। इस दौरान पुलिस को गुप्त सूचना मिली की गांव समलेहड़ी थाना साहा निवासी प्रविंद्र कुमार, जयपाल, रमेश तथा अंतुराम चूरापोस्त बेचने का काम करते हैं। उपरोक्त चारों कार के जरिए चूरापोस्त लेकर अपने गांव में जा रहे हैं।
सूचना मिलने के बाद पुलिस ने बस अड्डा छप्पर ठेका शराब अंग्रेजी के सामने नाकाबंदी कर वाहनों की जांच शुरू कर दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए इसकी सूचना आला अधिकारियों को दी। कुछ समय बाद एक कार चेक पोस्ट पर पहुंच गई। पुलिस ने जब कार चालक ने नाम पूछा, तो उसने जयपाल बताया।
जबकि उसकी बराबर वाली सीट पर प्रविंद्र बैठा हुआ था। उसने अपनी टांगों के बीच में प्लास्टिक का कट्टा रखा हुआ था। पिछली सीट पर दो लोग बैठे हुए थे, दोनों ने बीच में प्लास्टिक का कट्टा रखा हुआ था। शक के आधार पर पुलिस ने उनसे पूछताछ शुरू कर दी। और उन्हें तलाशी देने के लिए कहा।
लेकिन उपरोक्त चारों ने अधिकारियों के समक्ष तलाशी देने की बात कही। सूचना मिलने के डीएसपी हेडक्वार्टर ने मौके पर पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया। डीएसपी की मौजूदगी में चारों की तलाशी ली गई। पुलिस ने जब कार में रखे कट्टों को खोलकर देखा, तो उनमें चूरापोस्त मिला।
पुलिस के मुताबिक एक कट्टे में 17 किलो 300 ग्राम तथा दूसरे कट्टे में 18 किलो 200 ग्राम चूरापोस्त मिला। पुलिस ने 250-250 ग्राम के सैंपल तैयार की उन्हें जांच के लिए विभागीय लैब में भेज दिया। पुलिस ने उपरोक्त चाराें को काबू कर उनके खिलाफ एनडीपीसी एक्ट के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
पुलिस ने 26 सितंबर 2013 को सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश किया। जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। इसके बाद मामले की सुनवाई कोर्ट में शुरू हुई। कोर्ट में पौने दो साल तक चली सुनवाई के दौरान 10 लोगों की गवाही हुई। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के उपरांत अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायधीश रजनीश बंसल की कोर्ट ने गांव समलेहड़ी जिला अंबाला निवासी प्रविंद्र कुमार, जयपाल, रमेश और अंतुराम को तीन-तीन साल कैद तथा 10-10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।