दीपावली पर्व पर जहां लोग घरों की सुंदरता रंग रोगन से बढ़ाने में जुटे हैं, वहीं घरों की सुंदरता पर चार चांद लगाने के लिए विद्युत व इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरणों की दुकानें भी सजी हुई हैं। इस बार दीपावली पर मेक इन इंडिया की झलक दिख रही है। चूंकि बाजार में चाइनीज झालर व अन्य उपकरणों नहीं हैं।
घरों, दुकानों, प्रतिष्ठानों, कार्यों सहित तमाम भवनों को सजाने के लिए बाजार में विभिन्न रंग बिरंगी लड़ियां व झालर उपलब्ध हैं। यह सभी देसी माल है और लोगों को खूब पसंद आ रहा है। शहर के तमाम चौक चौराहों व बिजली उपकरणों की दुकानों पर इन दिनों लोगों की भीड़ लग रही है। भारतीय उत्पादों के झूमर, लाइट, लेजर इत्यादि सजावटी उपकरण से लोगों की पहली पसंद हैं। लोगों में भारतीय सामान के प्रति उत्साह देखकर व्यापारियों को इस बार करीब एक करोड़ रुपये के कारोबार की आस है। चौक बाजार स्थित बिजली उपकरण विक्रेता विजय कुमार ने बताया कि अब तक लोग लड़ियों व अन्य सामान की काफी खरीदारी कर चुके हैं। अंतिम दो दिनों में इसकी खरीदारी सबसे ज्याद होगी।
हर दाम में उपलब्ध है लड़ियां झालर
बाजार में बिकने वाली रंग बिरंगी लड़ियां व झालर लंबाई व बल्ब की संख्या के अनुसार उपलब्ध है। इसके दाम लंबाई और बल्ब की संख्या पर निर्भर है। दुकानदार विजय कुुमर ने बताया कि इससे पहले बाजार पर चाइनीज लाइटों का कब्जा होता था। यह बेहद सस्ती तो होती थी, लेकिन गुणवत्ता बहुत निम्म होती थी। कई बार लगाते ही फ्यूज हो जाती थी। इस बार भारतीय लड़ियों की खूब मांग है। बाजार में 35 रुपये की भी लड़ी उपलब्ध है। वहीं सौ बल्ब की लड़ी करीब 70 से 80 रुपये में बिक रही है। जबकि झालर की कीमत सौ रुपये लेकर आठ सौ रुपये तक है। इसके अलावा लैंप, रंग-बिरंगी लाइट और लेजर लाइट का 100 रुपये से पांच हजार रुपये तक में उपलब्ध हैं।