संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। दिवाली पर प्रदूषण न फैलाने वाले ग्रीन पटाखे बजाने के दावे किए जा रहे हैं। वहीं करवाचौथ की रात हुई आतिशबाजी ने ही प्रशासन के दावों की पोल खोल दी है। चांद निकलने पर बहुत देर तक आकाश में आतिशबाजी होती रही। दरअसल दमकल विभाग में ही पटाखे बेचने वालों का पूरा ब्योरा नहीं है।
दिवाली के दौरान पटाखे बेचने वालों को जिला प्रशासन की तरफ से अस्थायी लाइसेंस दिए जाते हैं। इसके अलावा वह लोग भी हैं जिन्होंने पटाखे बेचने का स्थायी लाइसेंस लिया हुआ है। यह सालभर पटाखे बेचते हैं। यह लाइसेंस दो प्रकार के होते हैं, पहला क्रैकर और दूसरा स्पार्कल। क्रैकर में बजने वाले व स्पार्कल में रोशनी वाले होते हैं जिनमें फुलझड़ी, अनार व रॉकेट आदि होते हैं।
सालभर पटाखे बेचने वालों का पूरा डाटा भी दमकल केंद्र में नहीं है। एक विक्रेता कितने किलोग्राम पटाखे बेचेगा लाइसेंस में यह लिखना जरूरी है। कितने लोगों ने लाइसेंस ले रखा है और यह कितनी क्षमता के हैं यह जानने के लिए हमारी टीम जिला दमकल कार्यालय में पहुंची। जब यह जानकारी मांगी गई तो अधिकारी व स्टाफ अगल-बगल झांकने लगे।
कभी कहते कि डीसी ऑफिस से लिस्ट आएगी तो कभी दूसरे कर्मचारी के पास होने की बात कहने लगे। जिस भी कर्मचारी को आवाज लगाई गई वह यही जवाब देता कि उनके पास लिस्ट नहीं है। करीब पौने घंटे के बाद तुरंत एक लिस्ट कर्मचारियों से पूछ कर बनवाई गई। इस लिस्ट में केवल लाइसेंस धारकों के नाम हैं। उनके गोदाम कहां-कहां हैं और उन्होंने कितनी क्षमता का लाइसेंस ले रखा है इसकी जानकारी कार्यालय में नहीं मिली।
पटाखों की अवैध बिक्री रोकने और ग्रीन पटाखों की जगह तेज आवाज वाले पटाखे बिक रहे हैं या नहीं इसके लिए दमकल विभाग के संयुक्त निदेशक गुलशन कालड़ा को नोडल अधिकारी लगाया गया है। प्रदेश में दिवाली के दौरान कहीं भी आग लगने की घटना होने पर जिला दमकल अधिकारियों को तुरंत उन्हें सूचना देनी होगी। साथ ही पटाखों की अवैध बिक्री रोकने के लिए गुलशन कालड़ा कभी भी जिले में पटाखा गोदामों की जांच करेंगे।
पटाखा गोदामों पर भीड़
पटाखा गोदामों पर खरीदने वाले लोगों की भीड़ लग रही है। सबसे ज्यादा भीड़ इंडस्ट्रियल एरिया, छछरौली रोड, रादौर रोड पर संचालित पटाखा गोदामों पर लोग भारी मात्रा में पटाखे की खरीदारी हो रही है। इन पटाखा गोदामों के अंदर किसी भी प्रकार के आग बुझाने के उपकरण तक मौजूद नहीं हैं। भीड़ इतनी है कि अगर कोई हादसा हो जाए तो किसी को भी भागने का मौका नहीं मिलेगा।
दिवाली पर पटाखे बेचने के लिए लाइसेंस अभी दिए जाने हैं। उनकी लिस्ट अभी नहीं मिली है। जिन लोगों ने स्थायी लाइसेंस पटाखा बेचने का ले रखा है, उनकी सोमवार से जांच की जाएगी। सभी पटाखा विक्रेताओं को आग से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने जरूरी हैं, जहां खामियां मिलेंगी उन पर कार्रवाई की जाएगी। -पंकज पराशर, जिला दमकल अधिकारी, यमुनानगर।